अमेरिका को अभी तक कट्टर मुस्लिम देशों का दुश्मन माना जाता रहा है, लेकिन खुद अमेरिका में एक शहर ऐसा है जिसका प्रशासन मुस्लिम चलाते हैं। यह शहर हैमट्रैक (hamtramck) है जो मिशिगन प्रांत में है। इस शहर में एक साथ यमनी डिपार्टमेंट स्टोर, बंगाली कपड़ों की दुकान, पोलिश सॉसेज स्टोर और यूरोपीय बेकरी की दुकानें हैं। यहां मुस्लिमों के अजान के साथ चर्च की घंटियां भी सुनाई देती हैं। इस 5 स्क्वायर किलोमीटर क्षेत्र में करीब 30 भाषाएं बोली जाती हैं।

इस शहर की आबादी 28 हजार की है जहां अब पहली बार संभी मुस्लिम सिटी काउंसिल और मुस्लिम मेयर (muslim mayor) चुना गया है। आमेर गालिब 68 फीसद वोट जीतकर अमेरिका में पहले यमनी-अमेरिकी मेयर हैं। इस शहर की करीब आधी आबादी मुस्लिमों की है। यह अमेरिका का पहला मुस्लिम बहुसंख्यक शहर है। इस शहर की गलियों में आपको अरबी और बंगाली में साइन बोर्ड और स्टोर के नाम दिख जाएंगे। हैमट्रेक पर 1970 के दशक में पोलिश लोगों का दबदबा था। लेकिन अब यह शहर एक बार फिर बदल गया है और अरब-एशियाई लोगों का सेंटर बन गया है। यहां पर सबसे अधिक आबादी यमन और बांग्लादेश मूल के लोगों की है।

41 साल के आमेर ग़ालिब (amer galib) यमन के गांव में जन्मे थे और 17 साल की उम्र में अमेरिका पहुंच गए थे। हैमट्रैक में उन्होंने सबसे पहले प्लास्टिक कार के पुर्जे बनाने वाली एक कंपनी में काम किया। बाद में उन्होंने इंग्लिश सीखी और मेडिकल क्षेत्र में पढ़ाई की और अब वह एक हेल्थकेयर प्रोफेशनल हैं।

6 साल पहले जब हैमट्रेक ने मुस्लिम बहुल सरकार का चुनाव किया था तो मीडिया में इस शहर को तनावपूर्ण बताने की कोशिश की गई थी। इस तरह की अटकलें भी लगाईं गई थी कि मुस्लिम नियंत्रित नगर परिषद शरिया कानून लागू कर सकती है। लेकिन यहां के लोगों का मानना है कि जब आप एक-दूसरे के इतने करीब रहते हैं, तो आप मतभेदों को दूर करने के लिए मजबूर हो जाते हैं।

एक अनुमान के मुताबिक अमेरिका में करीब 39 लाख मुस्लिम (muslims in usa) रहते हैं। मौजूदा वक्त में अमेरिकी कांग्रेस में चार मुस्लिम सदस्य हैं।