गुवाहाटी शहर में नशे में ड्राइविंग के मामले बढ़ते जा रहे हैं। जो एक खतरनाक चलन है। पिछले हफ्ते सिर्फ शहर की सड़कों पर 168 मामले नशे में ड्राइविंग के सामने आए थे।

सिटी ट्रैफिक पुलिस सूत्रों ने बताया, 'पिछले हफ्ते शराब पीकर ड्राइविंग के कम से कम 168 मामले यहां पाए गए थे। इस प्रवृत्ति से पता चला है कि नशे में ड्राइविंग मामलों सप्ताहांत के दौरान बढ़ते हैं। यातायात पुलिस ने शनिवार की रात यहां 99 मामले दर्ज किए।'

2010 के बाद से शहर के यातायात पुलिस ने लगभग 7,200 सड़क दुर्घटनाएं दर्ज की हैं जिनमें से 4,130 नशे में ड्राइविंग के कारण पाए गए। इन आंकड़ों के अनुसार 57.4% दुर्घटनाओं की वजह नशे में ड्राइविंग है। इस अवधि के दौरान शहर में सड़क दुर्घटनाओं में 1979 लोगों ने अपनी जान गंवा दी है। 

इसके विपरीत, राष्ट्रीय अपराध रिकॉर्ड ब्यूरो (एनसीआरबी) के आंकड़ों के अनुसार 2015 में देश भर में सड़क दुर्घटनाओं में नशे में ड्राइविंग की वजह से 1.5% लोग मारे गए हैं। एनसीआरबी के मुताबिक देश में सड़क दुर्घटनाओं का सबसे आम कारण है रफ ड्राइविंग। जिसमें लेन-बदल और गलत तरीके से ड्राइविंग करते हैं। 

बता दें कि शहर यातायात पुलिस ने पिछले साल दिसंबर में नशे में ड्राइविंग के खिलाफ अभियान चलाया था। सार्वजनिक जागरूकता अभियान टीवी, रेडियो और अन्य इलेक्ट्रॉनिक माध्यमों से किए गए।