केन्द्र सरकार ने सभी छोटी बचत योजनाओं पर मिलने वाले ब्याज में 0.10 फीसदी तक की कटौती की है। शनिवार से शुरू हो रहे वित्तीय वर्ष 2017-18 की पहली तिमाही यानी अप्रेल से जूून 2017 के टेन्योर के लिए कस्टमर्स को अब छोटी बचत योजनाओं पर 0.10 फीसदी कम ब्याज मिलेगा।

पीपीएफ पर अब 0.10 फीसदी कम यानि 7.9 फीसदी ब्याज मिलेगा। सरकार ने पिछले साल अप्रेल से छोटी बचत योजनाओं पर मिलने वाले ब्याज की हर तीन महीने में समीक्षा शुरू की है। वित्त मंत्रालय की ओर से जारी अधिसूचना के मुताबिक पीपीएफ,किसान विकास पत्र,नेशनल सेविंग सर्टिफिकेट्स और सुकन्या समृद्धि जैसी छोटी बचत योजनाओं पर ब्याज दरों में जनवरी-मार्च 2016 की तुलना में अप्रेल-जून 2017 के लिए 0.1 फीसदी की कमी की गई है।हालांकि सेविंग डिपॉजिट्स पर सालाना 4 फीसदी ब्याज मिलता रहेगा। पीपीएफ और एनएससी(5साल)पर पहले 8.0 फीसदी,किसान विकास पत्र(112 माह की मैच्योरिटी) पर 7.7 फीसदी,सुकन्या समृद्धि  अकाउंट,सीनियर सिटीजन सेविंग्स स्कीम(5साल) पर 8.5 फीसदी ब्याज मिलता था। वित्त मंत्रालय के नोटिफिकेशन में कहा गया है कि पीपीएफ पर अब 7.9 फीसदी ब्याज मिलेगा और इतना ही ब्याज 5 साल के एनएससी पर मिलेगा। किसान विकास पत्र में निवेश करने वालों को अब 7.7 की बजाय 7.6 फीसदी ब्याज मिलेगा। गल्र्स चाइल्ड सेविंग्स के लिए खोले जाने वाले सुकन्या समृद्धि अकाउंट स्कीम में एक अप्रेल से 8.4 फीसदी ब्याज मिलेगा। 5 साल की सीनियर सिटीजंस सेविंग्स स्कीम्स पर ब्याज घटकर 8.4 फीसदी हो गया है।