केंद्रिय मंत्री नितिन गडकरी ने एलपीजी गैस की जगह अब इलेक्ट्रिक कुकिंग पर सब्सिडी देने की बात कही है। उन्होंने कहा कि लोग इलेक्ट्रिक व्हीकल्स का इस्तेमाल शुरू करें इसके पहले उन्होंने सरकार के विभागों में ही ई-व्हीकल्स के इस्तेमाल पर जोर दिया। साथ ही, हो सकता है आने वाले वक्त में LPG गैस सिलेंडर की जगह आपको इंडक्शन कुकिंग पर सरकार सब्सिडी दे। मंत्री ने इस पर सरकार से विचार करने के लिए कहा है।

नितिन गडकरी ने प्रस्ताव दिया है कि सभी मंत्रालयों और विभागों के सरकारी अधिकारियों को अनिवार्य रूप से सिर्फ इलेक्ट्रिक गाड़ियों का ही इस्तेमाल करना चाहिए। इतना ही नहीं नितिन गडकरी ने सरकार को भी सुझाव दिया है कि घरों में इस्तेमाल के लिए कुकिंग गैस के लिए जो मदद दी जाती है, उसकी जगह इलेक्ट्रिक कुकिंग अप्लायंसेज खरीदने पर सब्सिडी दी जानी चाहिए।

Go Electric कैम्पेन के एक कार्यक्रम में बोलते हुए उन्होंने कहा कि 'हम इलेक्ट्रिक कुकिंग अप्लायंसेज को खरीदने के लिए सब्सिडी क्यों नहीं देते। हम कुकिंग गैस पर सब्सिडी दे रहे हैं।' नितिन गडकरी के इस सुझाव के पीछे मकसद है कि देश की गैस इंपोर्ट पर निर्भरता कम हो, साथ इलेक्ट्रिक कुकिंग से प्रदूषण का भी खतरा कम होगा।

देश में लगातार महंगे होते पेट्रोल-डीजल से आम जनता परेशान है, सरकार पर भी इसका बोझ जरूर पड़ रहा है। इसलिए गडकरी ने सभी मंत्रालयों, विभागों के अधिकारियों को इलेक्ट्रिक गाड़ियों का इस्तेमाल अनिवार्य करने का सुझाव दिया है। गडकरी ने ऊर्जा मंत्री आर के सिंह से अपील की कि वो अपने विभाग में इलेक्ट्रिक गाड़ियों का इस्तेमाल जरूरी करें, इसके बाद दूसरे विभागों में इसे अनिवार्य किया जाएगा।

नितिन गडकरी ने कहा कि दिल्ली में 10,000 इलेक्ट्रिक गाड़ियों के इस्तेमाल से 30 करोड़ रुपये हर महीने बचाए जा सकते हैं। इस कार्यक्रम में मौजूद ऊर्जा मंत्री आर के सिंह ने फ्यूल सेल बस सर्विस का ऐलान किया, जो दिल्ली से आगरा और दिल्ली से जयपुर के बीच चलेगी हालांकि इसकी तारीख का ऐलान अभी नहीं हुआ है।

आपको बता दें कि पेट्रोल की कीमतें राजस्थान के श्रीगंगानगर में 101 रुपये के पार जा चुकी हैं, जबकि दिल्ली में पेट्रोल 90 रुपये के पार हो चुका है, डीजल भी अपने रिकॉर्ड लेवल के बेहद करीब है। बीते 11 दिनों से लगातार पेट्रोल-डीजल के दाम बढ़ रहे हैं।