मेघालय सरकार ने बृहस्पतिवार को किसानों की समस्याओं पर गौर करने के लिए एक आयोग के गठन को मंजूरी प्रदान कर दी है। उप-मुख्यमंत्री प्रेस्टन तीनसॉन्ग ने इस बारे में जानकारी देते हुए कहा कि कृषि विभाग द्वारा किसान आयोग के गठन के प्रस्ताव को राज्य मंत्रिमंडल ने मंजूरी प्रदान कर दी है।

ज्ञात हो कि देश में अपनी तरह की पहली किसान संसद पिछले साल दिसंबर में यहां आयोजित हुई थी। इसमें राज्य में कृषि की स्थिति से संबंधित मुद्दों पर चर्चा के लिए किसानों के अलावा वैज्ञानिकों, नौकरशाहों आदि ने भाग लिया था।

मुख्यमंत्री कॉनराड के संगमा ने उस समय किसानों की चिंताओं को दूर करने के लिए आयोग गठित करने की घोषणा की थी। उपमुख्यमंत्री ने यह भी बताया कि सरकार 2020 को किसानों के वर्ष के रूप में मनाने की योजना बना रही है।