नागरिकता संशोधन अधिनियम (सीएए)को लेकर मचे बवाल के बीच केन्द्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने आज विपक्ष पर देश को गुमराह करने का आरोप लगाते हुए साफ किया कि जिसे विरोध करना है वह करे मोदी सरकार देश में आये पात्र शरणार्थियों को नागरिकता देने के मुद्दे पर पूरी तरह दृढ है।


गृह मंत्री ने आज यहां द्वारका में करीब 200 एकड़ में फैले भारत वंदना पार्क का शिलान्यास करने के मौके पर कहा कि सीएए नागरिकता लेने का नहीं बल्कि देने का प्रावधान है। पूर्ववर्ती कांग्रेस सरकारों पर नेहरू-लियाकत समझौते का पालन नहीं करने का आरोप लगाते हुए उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने इस समझौते का पालन किया है और लाखों लोगों को शरण देने का निर्णय लिया है।


इस कानून के विरोध में सड़कों पर उतरे विश्वविद्यालयों के विद्यार्थियों से उन्होंने कहा कि पहले उन्हें इस कानून के बारे में जानकारी हासिल करनी चाहिए। इसमें कहीं पर भी देश के अल्पसंख्यकों की नागरिकता की बात नहीं की गई है, इसमें केवल अफगानिस्तान, पाकिस्तान और बांग्लादेश से धार्मिक प्रताडना झेलकर आए वहां के अल्पसंख्यक शरणार्थियों को नागरिकता देने का प्रावधान है।


उन्होंने आरोप लगाया कि विपक्ष सीएए पर देश को गुमराह करने में लगा है। इस कानून को लेकर विरोध करने वाले राजनीतिक दलों से उन्होंने कहा , 'आपको जो राजनीतिक विरोध करना है करो, नरेंद्र मोदी सरकार इस बात के लिए ढृढ है कि आए हुए शरणार्थियों को नागरिकता जाएगी।'


राजधानी दिल्ली में अनधिकृत कॉलोनी के मुद्दे पर श्री शाह ने कहा कि यदि केंद्र सरकार की तरह दिल्ली सरकार भी संकल्प ले लेती तो यह मुद्दा बहुत पहले ही हल हो जाता। उन्होंने कहा कि मोदी सरकार ने ढृढ राजनीतिक इच्छाशक्ति का परिचय देते हुए संसद में बिल पास कराकर संबंधित कानून बनाया। उन्होंने इन कालोनी के निवासियों से जल्द से जल्द ई-रजिस्ट्री कराने को कहा।


दिल्ली सरकार पर केन्द्रीय योजनाओं को दिल्ली में लागू नहीं करने का आरोप लगाते हुए शाह ने कहा कि पूरे देश की जनता प्रधानमंत्री आवास योजना और आयुष्मान भारत का लाभ ले रही है किंतु दिल्ली की जनता को इससे वंचित रखा जा रहा है। केंद्र ने दिल्ली के विकास के लिए हजारों करोड रूपए के कार्य किए हैं।


उन्होंने दिल्ली सरकार की योजनाओं का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि जनता को पता है कि चुनाव के वक्त जो योजनाएं शुरू की जाती हैं वह कभी पूरी नहीं होती। श्री शाह ने कहा कि भारत वंदना पार्क आने वाले समय में पर्यटन का केन्द्र बनेगा और दिल्ली आने का मार्ग द्वारका के इस पार्क से होते हुए पर्यटकों के लिए आकर्षण का केंद्र होगा। इस पार्क में भारत के समग्र सांस्कृतिक मानचित्र को उपलब्ध कराया गया है।