पूर्व जयंतिया हिल्स में पानी से भरे कोयला खदान में फंसे खनिकों के बारे में अब तक पता न लगने की वजह से विपक्षी दल को सरकार को घेरने का मौका मिल गया है। कांग्रेस ने कहा है कि फंसे खनिकों के संदर्भ में कुछ भी पता न लगना राज्य सरकार की विफलता को दर्शाता है।


मौसिनराम के विधायक और पार्टी प्रवक्ता एचएम शांगप्लियांग ने अपने बयान में कहा है कि थाईलैंड अपने देश में सुरंग के अंदर फंसे फुटबाॅलरों को बचाने के लिए गंभीरता के साथ विशेष अभियान चलाकर बचा सकता है, तो भारत में इसे लेकर इतनी संजीदगी क्यों नहीं दिखाई पड़ रहीं? उन्होंने आरोप लगाया कि फंसे खनिकों की जिंदगी के बारे में सरकार बिल्कुल भी संवेदनशीनल नहीं है। एक पखवाड़ा हो गया इस घटना को , लेकिन केवल गारो हिल्स से कांग्रेसी विधायक आजाद अमान ही साईट पर गए और स्थिति की जानकारी ली।

आजाद ने खनिकों के परिजनों से मिलकर सुध ली, जबकि राज्य के आपदा व प्रबंधन मंत्री को अब तक घटनास्थल पर जाने के लिए वक्त नहीं है। कांग्रेस नेता ने राज्य सरकार को ईस्ट जयंतिया हिल्स जिले और अन्य जगहों पर कोयले के अवैध खनन को बढ़ावा देने के लिए भी फटकार लगाई। उनका कहना था कि एनपीपी की अगुवाई वाली एमडीए सरकार कोयले के मुद्दे पर विफल साबित हुई है। चुनाव से पूर्व जनता से वादे किए गए थे कि कोयला खनन पर एनजीटी प्रतिबंध को हटाने की दिशा मे काम होगा। मौजूदा सरकार का कार्यकाल दस महीने का हो गया है, लेकिन अब तक जनता से किया गया वादा पूरा नहीं हुआ है।