कोरोना (corona) की बेकाबू रफ्तार को रोकने के लिए देश में जोर शोर से वैक्सीनेशन अभियान (vaccination campaign) चलाया जा रहा है। 15-17 आयु-वर्ग के 3,45,35,664 बच्चों को वैक्सीन की पहली डोज लग चुकी है. इस आयु-वर्ग करीब साढ़े 7 करोड़ बच्चे हैं. जिस रफ्तार से बच्चों में टीकाकरण हो रहा है उसे उम्मीद की जा रही है की फरवरी के अंत तक इस उम्र के सभी बच्चों को वैक्सीन लग जाएगी।

ड्रग कंट्रोलर जनरल ऑफ इंडिया (Drug Controller General of India) ने भारत में 12 से 18 साल के बच्चों को कोरोना की वैक्सीन देने की मंजूरी दे दी है. भारत बायोटेक (Bharat Biotech) की कोवैक्सीन 12 से 18 साल के आयुवर्ग में दी जा सकती है. अभी 15 से 17 ऐज ग्रुप में यही वैक्सीन दी जा रही है. 

स्वास्थ्य मंत्रालय (Ministry of Health) और NTAGI के सूत्रों की माने तो मार्च तक 15 से 17 आयुवर्ग का टीकाकरण होने के बाद इन बच्चों का वैक्सीनेशन भी शुरू किया जा सकता है और इसके लिए वैक्सीन उपलब्ध कराई जा रही है. वहीं इसको लेकर नेशनल टेक्निकल एडवाइजरी ग्रुप ऑन इम्यूनाइजेशन बैठक में फैसला होगा।