कृषि कानूनों (Farmers Protest) के खिलाफ पिछले कई दिनों से बंद पड़ी सड़कें अब जल्द खुलेंगी। दिल्ली पुलिस टीकरी बॉर्डर (tikri border) के बाद अब गाजीपुर बॉर्डर (ghazipur border) से बैरिकेड हटाने का काम कर रही हैं। बैरिकेड हटने के बाद से गाजियाबाद - नोएडा से दिल्ली जाने वाले लोगों को काफी राहत होगी। जानकारी के अनुसार, दिल्ली पुलिस इमरजेंसी रास्ता खोलने की तैयारी कर रही है, ताकि प्रदर्शन के चलते सड़कें बाधित न हो सके।

फिलहाल सड़कें बंद होने के कारण इस रास्ते पर वाहनों को काफी घूम कर जाना पड़ता है, जिसकी वजह से समय और पेट्रोल की खपत भी ज्यादा होती है। इन सडक़ों खुलने के बाद गाजियाबाद दिल्ली (Ghaziabad Delhi Route) का सफर 20 मिनट का रहे जाएगा। देर रात टीकरी बॉर्डर (tikri border) पर बैरिकेड हटाने के बाद शुक्रवार की सुबह दिल्ली पुलिस गाजीपुर बॉर्डर (ghazipur border) पहुंची और जेसीबी की मदद से लगाई गई बैरिकेडिंग को हटाना शुरू कर दिया। इसके अलावा पुलिस सडक़ों पर लगाई नुकीली कीलों को भी हटा रही है। साथ ही, कंक्रीट की दीवारों को भी तोडऩे का काम चल रहा है ताकि सडक़ों पर एक बार फिर वाहनों का आवागमन हो सके।

भारतीय किसान यूनियन (bhartiya kisan union) के उत्तर प्रदेश अध्यक्ष राजवीर सिंह जादौन (Rajveer Singh Jadoun) ने  बताया कि, हमने पहले ही कोई सडक़ें बंद नहीं की थी, दिल्ली पुलिस ने सडक़ों को बंद किया और वह फिर इन सडक़ों को खोल रहे हैं। सडक़ें खुलते ही हम दिल्ली की ओर बढ़ेंगे क्योंकि दिल्ली जाने का पहला अधिकार हम किसानों का है। फिलहाल दिल्ली की सीमाओं पर कृषि कानून के खिलाफ प्रदर्शन पिछले 11 महीनों से जारी है, हालांकि इन सडक़ों के खुलने के बाद भी किसानों का प्रदर्शन जारी रहेगा। दरअसल पिछले दिनों सुप्रीम कोर्ट (SC on farmers protest) ने दिल्ली की सीमाओं प्रदर्शन के चलते किसानों पर टिप्पणी कर कहा था कि, केंद्र के कृषि कानूनों का विरोध करने का अधिकार है, लेकिन वे अनिश्चितकाल के लिए सडक़ों को अवरुद्ध नहीं कर सकते। सुप्रीम कोर्ट की इस टिप्पणी के बाद किसानों ने खुद ही गाजीपुर बॉर्डर पर दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेस-वे की एक लेन खोलने की कवायद शुरू की थी।