कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी (Rahul Gandhi) के नेतृत्व में पार्टी का पांच सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल लखीमपुर खीरी ( Lakhimpur Kher) जाएगा।  पार्टी की ओर से मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ (Yogi Adityanath) से इस बाबत अनुमति देने का आग्रह किया गया था, हालांकि सरकार ने मांग खारिज कर दी।  राज्य सरकार ने बड़ी संख्या में लोगों के इकट्ठा होने पर प्रतिबंध लगाने के आदेशों का हवाला देते हुए अनुमति से इनकार कर दिया। 

 सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार बुधवार दोपहर राहुल के साथ पंजाब के सीएम चरणजीत सिंह चन्नी (Punjab CM Charanjit Singh Channi) , छत्तीसगढ़ के सीएम भूपेश बघेल (Chhattisgarh CM Bhupesh Baghel) , केसी वेणुगोपाल और राजस्थान के पूर्व डिप्टी सीएम सचिन पायलट (Rajasthan Deputy CM Sachin Pilot)  भी होंगे। 

पार्टी सूत्रों ने बताया कि राहुल गांधी बुधवार को लखनऊ और फिर लखीमपुर खीरी जाना चाहते हैं, ताकि वह हिंसा में मारे गए किसानों के परिवारों से मुलाकात कर (Rahul gandhi meet the families of farmers killed in the violence) संवेदना प्रकट सकें।  

अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के संगठन महासचिव केसी वेणुगोपाल (KC Venugopal) ने योगी आदित्यनाथ को पत्र भेजा, जिसमें कहा गया था कि राहुल गांधी के नेतृत्व में पार्टी का पांच सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल छह अक्टूबर को लखीमपुर खीरी जाएगा। 

कांग्रेस ने उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री से कहा था कि राज्य सरकार ने उत्तर प्रदेश के कई राजनीतिक दलों और पश्चिम बंगाल के एक प्रमुख दल ((Trinamool Congress) के नेताओं को लखीमपुर खीरी जाने की अनुमति दी है, लेकिन कांग्रेस के नेताओं को अनुमति नहीं दी जा रही है।  वेणुगोपाल ने कहा था कि कांग्रेस के प्रतिनिधिमंडल को भी दौरा करने की अनुमति दी जाए। लखनऊ में कांग्रेस सूत्रों ने कहा कि राहुल गांधी के लखनऊ पहुंचने से जुड़ी सारी तैयारियां की जा रही हैं।