गाजियाबाद रेलवे स्टेशन पर शताब्दी एक्सप्रेस की जेनरेटर कार में आग लग गई, जिससे यात्रियों में अफरा-तफरी मच गई। आग लगने की सूचना मिलते ही रेलवे के कर्मचारी मौके पर पहुंचे और तत्काल लखनऊ शताब्दी ट्रेन की जेनरेटर कार को ट्रेन से अलग किया। 

इसके चलते इस रूट पर चलने वाली कई ट्रेनों को साहिबाबाद स्टेशन व उसके पहले ही रोका गया है। हालांकि हादसे में किसी के भी हताहत होने की कोई सूचना नहीं है। ट्रेन की जेनरेटर कार में आग कैसे लगी, इसका पता लगाया जा रहा है। दमकल कर्मियों ने बताया कि ट्रेन के पीछे रहने वाली लगेज और जेनरेटर कार में आग लगी है। रेलवे ने घटना को लेकर जांच पड़ताल शुरू कर दी है।

बता दें कि शताब्दी जैसी सुरक्षित मानी जाने वाली ट्रेनों में महज 7 दिन के भीतर ही आग लगने की दो-दो घटनाएं सामने आ चुकी है। हालांकि, दोनों घटनाओं में किसी भी तरह का बड़ा नुकसान नहीं हुआ। देहरादून शताब्दी ट्रेन में आग लगने की घटना की प्रारंभिक वजह को शॉर्ट सर्किट बताया गया था। हालांकि, बाद में जांच समिति की रिपोर्ट में बताया गया कि आग लगने की वजह टॉयलेट में स्मोकिंग करना था। दूसरी तरफ शुक्रवार (20 मार्च) को गाजियाबाद स्टेशन में नई दिल्ली- लखनऊ शताब्दी ट्रेन के लगेज बोगी में आग लगने की घटना के कारणों का अभी पता नहीं चला है।