भारत में चल रहे किसान आंदोलन के बीच अमेरिका ने मोदी सरकार द्वारा लाए गए नए कृषि कानूनों को सही ठहराते हुए तारीफ की है। अमेरिका ने पहली बार इस मसले पर चुप्पी तोड़ी है। जो बाइडेन प्रशासन ने भारत सरकार द्वारा कृषि क्षेत्र में रिफॉर्म के लिए किए जा रहे प्रयासों की तारीफ की है। इसके साथ ही अमेरिका ने किसानों और सरकार के बीच चले आ रहे गतिरोध को खत्म करने के लिए भी सुझाव दिया है।

अमेरिकी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने कहा है कि कृषि क्षेत्र की बेहतरी की दिशा में लिए गए हर फैसला का स्वागत किया जाना चाहिए। प्राइवेट सेक्टर की इसमें सहभागिता बढ़ाने के प्रयासों की भी सराहना करनी चाहिए। अमेरिकी विदेश मंत्रालय की तरफ से कहा गया है कि शांतिपूर्ण तरीके से किया जाने वाला आंदोलन लोकतंत्र का हिस्सा है। किसानों और सरकार के बीच किसी तरह का मतभेद है तो दोनों पक्षों को बैठकर वार्ता मसला हल करना चाहिए।

26 जनवरी गणतंत्र दिवस पर किसान आंदोलन के नाम पर ट्रैक्टर रैली में हुए बवाल के बाद कानून व्यवस्था की स्थित देखते हुए दिल्ली के टिकरी, सिंघु और गाजीपुर बॉर्डर इलाके में इंटरनेट बंद किया गया है। इसके अलावा हरियाणा के कुछ जिलों में भी इंटरनेट सेवा बाधित है। इस पर अमेरिका ने कहा कि इंटरनेट सेवा बहाल कर देनी चाहिए। किसी भी जानकारी को लोगों तक पहुंचाने के लिए इंटरनेट एक माध्यम है जो कि एक अच्छे लोकतंत्र का हिसा है।