लॉकडाउन की वजह से सोनाएुर क्षेत्र के नरताप गांव में गजेन रंगहांग और नितेन रंगहांग को काफी नुकासन उठाना पड़ा है। दोनों भाइयों ने मिलकर 20 बीघा जमीन पर शिमला मिर्च, पपीता केला सहित अन्य फसलों की खेती की थी, जो लॉकडाउन की वजह से पूरा बर्बाद हो गया।

 गजेन ने कहा कि 3 बीघा में लगाया गया 12000 शिमला मिर्च का पेड़ पूरी तरह बर्बाद हो गया, जिससे लगभग 6 लाख का नुकसान हुआ है। वहीं पपीता के 500 पेड़ में लगा पपीता पूरी तरह बर्बाद हो गया। एक पपीते के पेड़ में लगभग 30 किलो पपीता निकलता है। वहीं 7 बीघा में लगाया गया मालभोग केला पूरी तरह बर्बाद हो गया। वे हाइब्रिड घास भी गो पालकों को नहीं बेच पाए।