उत्तर प्रदेश में रायबरेली के सलोन इलाके में फर्जी कोरोना निगेटिव रिपोर्ट बनाने वाले संविदा डॉक्टर और उनके रिश्तेदार के खिलाफ जांच तीन सदस्यीय कमेटी करेगी। मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ वीरेंद्र सिंह ने शनिवार को बताया कि उनको वायरल वीडियो के माध्यम से जानकारी मिली थी कि सलोन इलाके में संविदा पर कार्यरत यूनानी चिकित्सक डॉ रिजवान व उनके रिश्तेदार के खिलाफ पंचायती चुनाव के प्रत्याशी और मतगणना अभिकर्ताओ को फर्जी तौर पर कोरोना निगेटिव रिपोर्ट जारी करने का आरोप लगाया गया है। 

इस कारण उन्होंने सलोन सीएचसी अधीक्षक को इस प्रकरण में एफआईआर दर्ज कराने के आदेश दिए हैं। गौरतलब है कि जिला प्रशासन ने एक आदेश जारी कर सभी पंचायती राज चुनाव के उम्मीदवारों और मतगणना अभिकर्ताओं को कोविड-19 की जांच अनिवार्य की थी जिसमे कोरोना नेगेटिव होने पर ही मतगणना स्थल पर जाने की अनुमति दी जाने की बात कही गयी थी। 

एसडीएम सलोन दिव्या ओझा ने बताया कि प्रकरण में कल मौखिक आदेश दिए थे तथा तीन सदस्यीय कमेटी बना कर आज शनिवार को लिखित रूप जांच के आदेश दिए गए हैं। सीएमओ डॉ वीरेन्द्र ङ्क्षसह ने बताया कि इस प्रकरण में आरोपी डॉक्टर के एक रिश्तेदार पर भी आरोप है तथा मामले की एफआईआर दर्ज कराने के लिए आदेश दिए गए है और सलोन सीएचसी के अधीक्षक देखेंगे किसके खिलाफ रपट दर्ज करानी है।