17वीं लोकसभा चुनाव की शुरुआत हो चुकी है। पहले चरण की वोटिंग संपन्न हो गई। लेकिन मेघालय में जब भी चुनाव होते हैं तो यहां उम्मीदवार से ज्यादा वोटरों की चर्चा होती है। इसके पीछे वजह है वोटर्स के अजीबो-गरीब नाम, जिन्हें सुनकर आप दंग रह जाएंगे। नॉर्थ-ईस्ट में मतदताओं के नाम भी कुछ अलग हैं।


दरअसल, मेघालय के इस लोकसभा चुनाव में इटली, स्वीडन, इंडोनेशिया, थाईलैंड, नाइजीरिया, तिब्बत नाम के वोटर लिस्ट में थे। यह नाम जरूर किसी तरह के चुटकुले लगते हैं, लेकिन हकीकत में मेघालय में लोगों ने देशों के नाम पर अपने नाम रखे हैं। लोकसभा के पहले फेज में इन अजीबो-गरीब नाम वाले वोटर्स ने मताधिकार का प्रयोग किया है। इन वोटर्स ने मेघालय के शिलांग और तुरा लोकसभा सीट पर वोटिंग की है।


पूरे गांव में इसी तरह के हैं नाम
मालूम हो कि सबसे ज्यादा अनोखे नाम वाले लोग इंडो-बांग्लादेश बॉर्डर पर बसे के उम्निउह तमार गांव में हैं। जानकार बताते हैं कि इस गांव के लोग कम पढ़े-लिखे हैं, जब उनके वोटर आईडी बने तो गांव, शहरों और देशों के नाम उन्होंने वोटर लिस्ट में दर्ज करवाए। एक स्थानीय अधिकारी बताते हैं कि उम्निउह तमार गांव में एक हजार से ज्यादा वोटर हैं। इनमें गोवा, कश्मीर, त्रिपुरा, दिसपुर, बॉम्बे, वेल्लोर, मैसूर जैसे नाम के लोग भी वोटर लिस्ट में हैं।


गौरतलब है कि बॉर्डर पर रहने वाले लोगों को अंग्रेजी बोलने का बेहद शौक है, लेकिन वह शब्दों के अर्थ नहीं जानते हैं। इसलिए जो नाम जुबान पर आता है उसे वो अपना नाम बना लेते हैं। यहां पिता का नाम स्वीडन तो बेटे का नाम स्वेटर तक है। देशों के नाम के अलावा वैरी मच, अग्रीमेंट, रिक्वेस्ट, लायर, वायरलैस, डायल, सर्किल, स्पॉट, सिंबल, प्यूरीफाय, सिस्टम, इंचार्ज, इवनिंग, करेक्शन आदि जैसे लोगों के नाम अंग्रेजी में हैं।


बता दें कि मेघालय में 18,92,716 वोटर्स शिलांग और तुरा लोकसभा सीट पर हैं। चुनाव आयोग ने यहां 1146 वोटिंग बूथ बनाए हैं।