वाराणसी के बीएचयू में बना डीआरडीओ का अस्थायी कोविड अस्पताल सोमवार से शुरू हो गया। सबसे पहले गाजीपुर के 65 वर्षीय अमरनाथ पंडित को इस अस्पताल में भर्ती किया गया। वाराणसी के मंडलीय अस्पताल से अमरनाथ को यहां रेफर किया गया था। 

एक दिन पहले रविवार को ही सीएम योगी ने यहां का दौरा कर अधिकारियों से अस्पताल के बाबत जानकारी ली थी। लखनऊ में बने डीआरडीओ के अस्पताल को गुब्बारों से सजाने के बाद फीताकाटकर सीएम योगी ने शुभारंभ किया था लेकिन यहां बने अस्पताल को बिना किसी औपचारिकता के शुरू किया गया है। 

बीएयू के एम्पीथियेटर मैदान में करीब दो हफ्ते में बनकर तैयार इस अस्पताल में कुल 750 बेड हैं। इसमें 250 आईसीयू बेड और 500 ऑक्सीजन बेड हैं। फिलहाल 250 आईसीयू वाले बेड को शुरू किया गया है। अस्पताल को बनारस घराने के शास्त्रीय गायक पद्मभूषण पंडित राजन मिश्र को समर्पित किया गया है। पंडित राजन मिश्र का पिछले दिनों कोरोना से निधन हो गया था।

कोरोना संकट के बीच मरीजों और तीमारदारों को थोड़ी राहत देने के लिए डीआरडीओ ने यूपी में लखनऊ के बाद वाराणसी में अस्थाई अस्पताल तैयार किया है। अस्पताल में सेना के डॉक्टर के अलावा बीएचयू के सीनियर डॉक्टरों की देख-रेख में मरीजों का इलाज होगा। 

16 दिन में तैयार हुए इस अस्पताल में 750 बेड हैं। इसमें 500 बेड पर ऑक्सीजन की सुविधा और 250 बेड ICU की सुविधा दी गई है। अस्पताल में 250 बेड का एक जोन है। इसमें वेंटिलेटर से लेकर सभी जीवनरक्षक इंतजाम किए गए हैं। अन्य दो जोन में ऑक्सीजन के बेड हैं। उन पर भी एचएफएनसी और बाईपेप का इंतजाम इमरजेंसी के लिए किया गया है।