देश के साथ साथ पूरी दुनिया में कोरोना का टीकाकरण किया जा रहा है। टीकाकरण कोरोना दूसरी लहर के खिलाफ हैं। स्वास्थ्य विभाग कहा कि सभी राज्यों को कोराना की वैक्सीन लेने वालों पर 28 दिनों तक नजर रखनी चाहिए। जिससे कि वैक्सीन लेने वाले पर होने वाले साइड इफेक्ट का पता चल सके। वैसे कोरोना टीका लेने के बाद कुछ लोगों की मौतें भी हुई है। जिसके कारण से लोग में भय हो गया है।


इसलिए कोरोना टीकाकरण के बाद होने वाले साइड इफेक्ट होने पर रखने वाली नजर को एडवर्स इवेंट फॉलोइंग इम्यूनाइजेशन (AEFI) कहा जाता है। नजर रखी जाती है कि क्या किसी को वैक्सीन लेने के बाद कोई परेशानी तो नहीं हो रही है। AEFI के एक सदस्य डॉक्टर एन के अरोड़ा ने बताया कि “अब बाज़ार में कोरोना की कई सारी वैक्सीन आने वाली है, ऐसे में वैक्सीन लेने वालों पर साइड इफेक्ट को लेकर लंबे वक्त तक नजर रखने की जरूरत है ”।

AEFI बहुत जल्द साइड इफेक्ट को लेकर अपने डेटा पोर्टल में शेयर करेगी। डॉक्टर अरोड़ा के मुताबिक अब तक वैक्सीन लेने वाले 7 करोड़ लोगों को मॉनिटर किया गया है। डेटा के मुताबिक सिर्फ 0.5% लोगों को ही वैक्सीन से कोई गंभीर साइड इफेक्ट हुए हैं। डॉक्टर के मुताबिक कई देशों में अब वैक्सीन लेने वालों पर लंबे वक्त तक नजर रखी जाती है। भारत देश में AEFI ने बताया कि यहां ऐसा करने की जरूरत है।