त्रिपुरा में तैनात बीएसएफ जवान संजीव कुमार राठी का बीमारी के कारण निधन हो गया। वे हवलदार के पद पर थे। पार्थिव शरीर गांव पहुंचने पर उनका अंतिम संस्कार किया गया। बीएसएफ के जवानों ने गार्ड आफ आनर के साथ अंतिम सलामी दी। सोंटा निवासी 46 वर्षीय संजीव कुमार राठी पुत्र कंवरपाल बीएसएफ की 71वीं बटालियन में हवलदार थे। वह त्रिपुरा की राजधानी अगरतला में तैनात थे। पिछले माह वह घर आए थे और आठ अक्टूबर को ही ड्यूटी पर लौटे थे। अगरतला में वह बीमार हो गए। 17 अक्टूबर की देर रात उन्होंने आखिरी सांस ली।


बीएसएफ की तरफ से इस अनहोनी की सूचना मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया। शनिवार को उनकी पार्थिव देह हवाई जहाज से दिल्ली पहुंची। वहां से बीएसएफ की 25वीं बटालियन के जवान पार्थिव देह को लेकर शनिवार शाम सोंटा पहुंचे। गांव और क्षेत्र में शोक छा गया। पार्थिव देह को तिरंगे में लपेटकर शव यात्रा निकाली गई। बीएसएफ के जवान सबसे आगे चल रहे थे। जवानों ने फायरिग कर गार्ड आफ आनर और अंतिम सलामी दी। गांव के श्मशान घाट पर बड़े पुत्र प्रभात कुमार ने मुखाग्नि दी।


एसडीएम अजय कुमार अंबष्ट, सीओ आशीष कुमार सिंह और अन्य लोगों ने पार्थिव देह पर पुष्पांजलि अर्पित की। भाई राहुल ने बताया कि संजीव के दो पुत्र प्रभात और आर्यन पढ़ाई करते हैं। इनकी उम्र 15 व 18 साल है। संजीव कुमार पिछले माह छुट्टी लेकर घर पर आए थे। इस दौरान उनके पुत्र प्रभात ने उन्हें दशहरा मनाने के बाद ड्यूटी पर जाने को कहा था, लेकिन वह नहीं माने और चले गए।