ओडिशा में भारी तबाही मचाने के बाद चक्रवाती तूफान तितली कमजोर पड़ता हुआ देश के उत्तर-पूर्वी हिस्से की तरफ बढ़ गया है। पश्चिम बंगाल में गंगा के मैदानी इलाके में पहुंचने के बाद यह और कमजोर पड़ा है, लेकिन इसकी वजह से पश्चिमी बंगाल और बांग्लादेश के अलावा उत्तर-पूर्वी भारत के त्रिपुरा और मिजोरम के विभिन्न इलाकों को भारी बारिश का सामना करना पड़ सकता है।

तितली की वजह से पश्चिम बंगाल के दीघा, कोलकाता, कोंटाई, पुरुलिया और उत्तरी व पूर्वी 24 परगना में अगले 24 घंटे के दौरान भारी बारिश के साथ 105 से 130 किलोमीटर प्रतिघंटे की रफ्तार से हवा चलने का अनुमान भी जताया गया है। मौसम विभाग के मुताबिक इन इलाकों में शुक्रवार की रात से भारी बारिश शुरु हो चुकी है। ऐसे में मछुआरों को समुद्र से दूर रहने की सलाह दी गई है।

इससे पहले गुरुवार को इस चक्रवाती तूफान ने ओडिशा के तटीय इलाकों में भारी तबाही मचाई थी। इसकी वजह से आंध्र प्रदेश में सात जबकि ओडिशा में एक व्यक्ति के मारे जाने की खबरें भी आई हैं। उधर, दक्षिणी ओडिशा के गंजम, गजपति और रायगढ़ जिलों में भारी बारिश के बाद प्रमुख नदियों के खतरे के निशान को पार कर जाने से स्थिति गंभीर बनी हुई है। इस चक्रवाती तूफान की वजह से अब तक 60 लाख से भी ज्यादा लोग प्रभावित हुए हैं।