पूर्वोत्तर त्रिपुरा में 9 फरवरी को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की रैली के दौरान महिला मंत्री को कथित तौर पर गलत तरीके से छूने के मामले में अब विपक्ष हमलावर हो गया है। विपक्ष ने मुख्यमंत्री बिप्लब कुमार देब से आरोपी मंत्री को बर्खास्त करने की मांग की है।


बता दें कि प्रधानमंत्री मोदी के कार्यक्रम के दौरान त्रिपुरा में खेल और युवा मामलों के मंत्री मनोज कांति देब पर सामाजिक कल्याण मंत्री सांतना चकमा को गलत ढंग से छूने का आरोप लगा था। इस घटना का एक कथित वीडियो भी सामने आया था, जो सोशल मीडिया पर खूब वायरल हुआ। हालांकि, महिला मंत्री ने इस मामले में अब तक कोई प्रतिक्रिया नहीं दी है।


सीपीआई (एम) के नेता बिजन धर ने कहा, 'अगर दिनदहाड़े और प्रधानमंत्री की मौजूदगी में ऐसी घटना हो रही है तो कानून व्यवस्था की स्थिति का अंदाजा लगाया जा सकता है। अगर मंत्री मनोज कांति देब इस्तीफा नहीं दे रहे हैं तो मुख्यमंत्री को उन्हें बर्खास्त कर देना चाहिए। साथ ही, उन्हें गिरफ्तार कराना चाहिए।'

बता दें कि इस घटना के विरोध में मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी की महिला विंग ने सोमवार को अगरतला में विरोध प्रदर्शन भी किया। मामले में बीजेपी ने कथित वायरल वीडियो क्लिप को फर्जी करार दिया है। त्रिपुरा बीजेपी का कहना है कि यह विपक्ष की ओर से किया जा रहा दुष्प्रचार है। वहीं, मनोज कांति देब का कहना है, 'वीडियो से छेड़छाड़ हुई है। यह कैसे संभव है? वह भी पीएम और भारी भीड़ की मौजूदगी में? वीडियो से जिसने भी छेड़खानी की है, वह बेहद घटिया मानसिकता का व्यक्ति होगा। मैं उस दौरान सिर्फ आगे जाने की कोशिश कर रहा था।'