अमेरिका में कोरोना वायरस के Omicron वेरियंट ने लोगों की चिंता बढ़ा दी है। यहां वैक्सीन की दोनों डोज और बूस्टर डोज लेने के बावजूद लोगों को का नया वैरिएंट संक्रमित कर रहा है। अमेरिका में अब तक मिले ओमिक्रॉन के 43 केसों में से ज्यादातर फुली वैक्सीनेटेड हैं। जबकि बूस्टर डोज लेने वाला हर तीसरा व्यक्ति भी कोरोना के नए वैरिएंट ओमिक्रॉन की चपेट में आ रहा है।

अमेरिका के सेंटर फॉर डिजीज कंट्रोल एंड प्रिवेंशन (CDC) ने कहा, अब तक अमेरिका में ओमिक्रॉन के 43 केस आए हैं। इनमें से 34 लोग फुली वैक्सीनेटेड हैं, जबकि 14 लोग बूस्टर भी ले चुके हैं। हालांकि, इनमें से 5 लोग ऐसे हैं, जिन्होंने 14 या उससे कम दिन पहले ही बूस्टर डोज ली है।

हालांकि, नंबर के हिसाब से यह आंकड़ा अभी छोटा नजर आ रहा है। लेकिन चिंता की बात ये है कि मौजूदा कोविड वैक्सीन कोरोना के नए और ज्यादा संक्रमण फैलाने वाले वैरिएंट के खिलाफ कम सुरक्षा प्रदान करती हुई नजर आ रही है।

अमेरिका में अभी तक ओमिक्रॉन से संक्रमित मरीजों में से 25 मरीज, 18 से 39 साल की उम्र के हैं, जबकि 14 ने अंतरराष्ट्रीय यात्रा की है। 6 पहले भी कोरोना से संक्रमित हो चुके हैं। राहत की बात ये है कि ज्यादातर को काफी कम लक्षण हैं। मरीजों में खांसी, थकान जैसे हल्के लक्षण आ रहे हैं। एक रिपोर्ट के मुताबिक, एक व्यक्ति दो दिनों के लिए अस्पताल में भर्ती था। हालांकि, उसमें कोरोना के पिछले वैरिएंट जैसे लक्षण कम देखने को मिल रहे हैं।

सीडीसी ने कहा कि ओमिक्रॉन के पहले रिपोर्ट किए गए कई मामलों में काफी हल्के लक्षण देखने को मिले हैं। संक्रमण और अधिक गंभीर परिणामों के बीच एक अंतराल मौजूद है। हालांकि, वैक्सीन ले चुके लोगों और कोरोना से पहले भी संक्रमित होने वाले लोगों में लक्षण हल्के होने की उम्मीद है।

अमेरिका में 1 दिसंबर को ओमिक्रॉन का पहला केस मिला था। यह व्यक्ति अफ्रीका से आया था और वैक्सीन की दोनों डोज ले चुका था। अमेरिका में अभी भी कुल केसों में डेल्टा के 99% केस आ रहे हैं। लेकिन साउथ अफ्रीका से मिले डेटा बताते हैं कि कोरोना वैरिएंट अधिक संक्रामक है।