भारत सरकार ने ऐलान किया है कि कोरोना का पीक गुजर गया है, लेकिन ठंक के मौसम में इसकी दूसरी लहर आ सकती है। 17 सितंबर को देश में सबसे ज्यादा एक्टिव केस 10.17 लाख थे, इसके बाद से इसमें लगातार गिरावट आ रही है और ये 7.83 लाख तक पहुंच चुके हैं।

नीति आयोग के सदस्य वीके पॉल ने कहा कि पिछले तीन हफ्तों में देश के ज्यादातर राज्यों में कोरोना केस और महामारी से होने वाली मौतों में गिरावट आई है, लेकिन ठंड में कोरोना की दूसरी लहर आने से इनकार नहीं किया जा सकता। पॉल, देश में महामारी से निपटने के लिए बनाई गई कमेटी के चीफ हैं।
पॉल ने कहा कि ज्यादातर राज्यों में महामारी स्थिर हुई है, लेकिन पांच राज्यों (राजस्थान, छत्तीसगढ़, केरल, कर्नाटक और पश्चिम बंगाल) इसके साथ ही 3-4 केंद्र शासित प्रदेशों में अभी केस बढ़ रहे हैं। पॉल ने यह भी कहा कि भारत अभी भी दुनिया के अन्य देशों की तुलना में बेहतर स्थिति में है, लेकिन देश को अभी भी एक लंबा रास्ता तय करना है, क्योंकि 90% लोग अभी भी कोरोनावायरस संक्रमण के लिए अतिसंवेदनशील हैं।
देश में शनिवार को 61 हजार 893 केस आए, 72 हजार 583 मरीज ठीक हो गए। कुल केसों का आंकड़ा 74.92 लाख हो गया है। आज यह 75 लाख के पार हो जाएगा। अब तक 65.94 लाख मरीज ठीक हो चुके हैं, जबकि 1.14 लाख जान गंवा चुके हैं। शनिवार को 1031 संक्रमितों की मौत हुई। 2 अक्टूबर के बाद पहली बार एक दिन में मौत का आंकड़ा 1000 के पार गया।