भारत में कोरोना संक्रमण की रफ्तार दिनों दिन तेज होती जा रही है। वहीं इस बढ़ती रफ्तार ने कई राज्यों की स्थिति खराब कर दी है। महाराष्ट्र सहित उत्तर प्रदेश, गुजरात, मध्यप्रदेश में भी कोरोना मरीजों को अस्पतालों में बेड उपलब्ध नहीं हो पा रहे हैं। स्वास्थ्य मंत्रालय की ओर से आज जारी आंकड़ों के मुताबिक, बीते 24 घंटों में 2,00,739 नए कोरोना मरीज मिले हैं। वहीं 1,038 लोगों ने कोरोना की वजह से दम तोड़ दिया। 

पिछले छह महीने में एक दिन में जान गंवाने वालों का यह सबसे बड़ा आंकड़ा है। इससे पहले पिछले साल 17 अक्टूबर में सबसे ज्यादा 1,032 लोगों की मौत हुई थी। देश में कोरोना के सक्रिय मामलों की संख्या बढकऱ 14,71,877 हो गई है । देश में कुल 11,44,93,238 लोगों को कोरोना वायरस की वैक्सीन लगाई गई है। देश में अब संक्रमण के कुल मामले बढकऱ 1,40,74,564 पहुंच गए हैं और कोविड से मरने वालों की संख्या 1,73,123 हो गई। बुधवार को 1.85 लाख से ज्यादा नए मरीज मिले थे और 1027 लोगों की संक्रमण से जान चली गई।

दिल्ली: बेड्स फुल-प्लाज्मा की डिमांड बढ़ी 

दिल्ली में हालात ऐसे हैं कि अब अस्पतालों में बेड्स की कमी होने लगी है। सरकार ने एहतियात के तौर पर कई प्राइवेट अस्पतालों के साथ बैंकट हॉल को अटैच कर दिया है, ताकि कम गंभीरता वाले मरीजों को वहां शिफ्ट किया जा सके। वहीं कोरोना के बढ़ते मामलों के साथ ही प्लाज्मा की डिमांड बढऩे लगी है। डॉक्टरों की मानें, तो दिल्ली में प्लाज्मा की डिमांड अचानक पांच गुना बढ़ गई है। वहीं मुक्तिधामों का हाल बेहाल है। दिल्ली के आईटीओ में स्थित सबसे बड़े श्मशान घाट पर अगले एक हफ्ते तक जलाने के लिए शव हैं। वहीं, कई शवों को अब लकडिय़ों से जलाया जा रहा है, क्योंकि अन्य सुविधाएं कम पड़ गई हैं।

प्रवासी श्रमिक: महाराष्ट्र से आ रहा हर बीसवां मजदूर कोरोना संक्रमित

लॉकडाउन की आशंका के चलते अब एक बार फिर से मजदूरों का पलायन शुरू हो गया है। हालांकि इन प्रवासी श्रमिकों में बड़ी संख्या में कोरोना संक्रमित मिल रहे हैं। बीते तीन दिनों के अंदर झांसी स्टेशन पर उतरे 90 मजदूरों में कोरोना संक्रमण पाया गया है। यह आंकड़े तब सामने आ रहे हैं जब केवल एक बार में 200 मजदूरों की कोरोना जांच की जा रही है। सबसे ज्यादा मजदूर महाराष्ट्र से लौट रहे हैं।

गीतकार कुंअर बेचैन को हुआ कोरोना, डॉ. कुमार विश्वास बोले-बेड नहीं मिल रहा

दिल्ली में कोरोना का कहर इस कदर बढ़ गया है कि यहां के निजी अस्पतालों में कोरोना मरीजों को बेड नहीं मिल रहे हैं। मशहूर कवि डॉ. कुमार विश्वास के एक ट्वीट से इसका अंदाजा लगाया जा सकता है। आज सुबह डॉ. कुमार विश्वास ने ट्वीट कर जानकारी दी कि वरिष्ठ गीतकार डॉ. कुंअर बेचैन और उनकी धर्मपत्नी कोरोना संक्रमित पाए गए हैं। बुधवार को रात 12 बजे तक प्रयास करता रहा, आज सुबह से प्रत्येक परिचित डॉक्टर को कॉल कर चुका हूं। बेचैन का ऑक्सीजन लेवल 70 पहुंच गया है, तुरंत वेंटिलेटर की आवश्यकता है, लेकिन कहीं कोई बेड ही नहीं मिल रहा। जिसके बाद कुमार विश्वास को मदद मिली।

उत्तर प्रदेश: इलाज के लिए एंबुलेंस और पार्किंग में इंतजार

उत्तर प्रदेश में कोरोना वायरस लगातार हावी हो रहा है। कानपुर में भी हालात बिगड़ते जा रहे हैं। आलम यह है कि यहां अस्पतालों में इलाज के लिए बेड कम पड़ गए हैं। इलाज के लिए मरीजों की वेटिंग है। 42 डिग्री तापमान में उन्हें एंबुलेंस और पार्किंग में ही घंटों बिताने पड़ रहे हैं। गौरतलब है कि कानपुर में बुधवार को 6000 से ज्यादा कोरोना मरीज मिले हैं। यहां के तीन सरकारी और छह निजी अस्पतालों में 1500 बेडों की उपलब्धता के दावों के बावजूद मरीज भारी परेशानी में हैं।

महाराष्ट्र: रेमडेसिविर इंजेक्शन की किल्लत

देश में कोरोना से सबसे ज्यादा प्रभावित महाराष्ट्र में स्थितियां विकट होती जा रही हैं। यहां आंशिक लॉकडाउन जैसी स्थिति के बावजूद कोरोना के नए मरीजों की संख्या कम नहीं हो रही है। यहां रेमडेसिविर इंजेक्शन नहीं मिलने को लेकर अस्पताल में भर्ती मरीजों के परिजनों ने पुणे के जिला कलक्टर ऑफिस के बाहर प्रदर्शन किया। अस्पताल में भर्ती अपने परिजन के लिए 3 दिन से इंजेक्शन ढूंढ रही एक महिला ने बताया, अस्पताल ने कहा है कि इंजेक्शन हमें ही लाना होगा, लेकिन यह कहीं उपलब्ध नहीं है।