कोरोना का केंद्र चीन सामान्य जीवन की ओर लौट रहा है, लेकिन वायरस के फिर लौटने की प्रकृति को ध्यान में रखते हुए कुछ उपायों को लागू किया है। उद्योगों को फिर से खोलने और नागरिकों को लॉकडाउन से मुक्त करने के साथ ही चीन ने नई शर्त और प्रतिबंधों की घोषणा की है। दूसरे देशों को भी वायरस की वापसी रोकने के लिए ऐसे ही नियमों को फॉलो करना चाहिए।

इनकी कठोरता से पालना जरूरी

- अस्वस्थ या बीमार लोगों के लिए बाहर मास्क लगाना जरूरी।

- बिना मुंह ढके खांसने या छींकने पर जुर्माने का प्रावधान।

- सार्वजनिक स्थानों पर कम से कम एक मीटर की दूरी रखनी होगी।

- फिजिकल डिस्टेंसिंग के लिए सार्वजनिक स्थानों पर चिह्नित करना होगा।

- सार्वजनिक स्थानों पर थूकने पर 28 डॉलर का जुर्माना होगा।

- साफ सुथरे कपड़े पहनें। एक जून से नियम और कड़े किए जाएंगे।

- साझा भोजन जरूरी हो तो स्वयं के बर्तन होने जरूरी हैं।

- सार्वजनिक परिवहन के दौरान खाने पर प्रतिबंध रहेगा।

लगातार सतर्कता और निगरानी

सोशल डिस्टेंसिंग के नियमों के बीच देश के कुछ पर्यटन स्थल खोल दिए गए हैं। प्रकोप का केंद्र रहे वुहान में ऐतिहासिक येलो क्रेन टावर इस सप्ताह खोल दिया जाएगा। ये निर्णय कोरोना के सभी रोगियों की अस्पताल से छुट्टी दिए जाने के बाद आया। 26 अप्रेल को वुहान में कोरोना रोगियों की संख्या शून्य थी।इस बीच बीजिंग और शंघाई के कई सीनियर स्कूल 27 अप्रेल से खुल गए। हालांकि मास्क, डिस्टेंसिंग और कैंटीन की कड़ी हिदायतें जरूर हैं। जॉन हॉपकिन्स विवि के अनुसार चीन के 84 हजार संक्रमितों में 78 हजार से ज्यादा ठीक हो चुके हैं, जबकि 4637 की जान जा चुकी है।