देश में तेजी से कोरोना वैक्सीनेशन करवा कर लोगों को मास्क लगाने से छूट देने वाले इजरायल में एक बार फिर से इस वायरस का कहर नजर आ रहा है। यहां कोरोना का डेल्टा वैरिएंट वैक्सीन लगवा चुके लोगों को अपनी चपेट में ले रहा है। गौरतलब है कि इजरायल उन देशों में शामिल है, जो अपनी आधी से अधिक आबादी का वैक्सीनेशन कर चुका है। इसके बाद यहां तमाम पाबंदियां हटाने के साथ ही मास्क लगाने से छूट दे दी गई थी।

इसके एक हफ्ते बाद ही इजरायल में कोरोना संक्रमण के मामलों में अचानक से वृद्धि देखने को मिल रही है। कोरोना वायरस का खतरनाक डेल्टा वैरिएंट वैक्सीन ले चुके लोगों को भी तेजी से अपनी गिरफ्त में ले रहा है। इसके बाद वहां किशोरों को जल्दी से जल्दी वैक्सीन लगाने की मांग की जा रही है। इजरायल में 125 नए कोरोना मरीज मिले। आधे से आबादी का टीकाकरण होने वाले देश में अप्रैल के बाद से एक दिन में मिलने नए कोरोना मरीजों की यह संख्या सबसे अधिक है। यहां जनवरी माह में कोरोना वायरस का प्रकोप चरम पर था। उस वक्त प्रतिदिन 10 हजार मामले दर्ज किए जा रहे थे, लेकिन उसके बाद उस वक्त की नेतन्याहू सरकार ने तेजी से टीकाकरण कर वायरस पर काबू पा लिया था। 

कोरोना के प्रसार को रोकने के लिए लागू सभी पाबंदियों को हटाए जाने के बाद रैंडम जांच करने के दौरान कई स्कूलों में संक्रमित मामले मिले। इजरायल के दो स्कूलों में जांच के दौरान वैक्सीन की पूरी डोज लगवा चुके नौ शिक्षक कोरोना संक्रमित मिले। इजरायल के नव निर्वाचित प्रधानमंत्री नफ्टाली बेनेट ने कोरोना संक्रमण के मामलों में वृद्धि को देखते हुए नए प्रकोप की चेतावनी दी। उन्होंने कहा कि देश को एक बार फिर अपनी चपेट में लेना वाला डेल्टा वैरिएंट विदेश से लौट रहे यात्रियों की वजह से आया है। इसलिए अब अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट पर सख्ती से जांच की जाएगी। इसी के साथ उन्होंने अपने नागरिकों से फिलहाल विदेश की यात्राएं कम से कम करने की सलाह दी है। बता दें कि इजरायल में अब तक 840,079 लोग कोरोना संक्रमित हो चुके हैं, जबकि 6,428 लोगों की वायरस से जान जा चुकी है।