दुनियाभर में ओमिक्रॉन (Omicron Variants) के मामले तेजी से सामने आ रहे हैं। भारत में भी ओमिक्रॉन कोविड वेरिएंट (Omicron Variants) के दो मामले दर्ज किए हैं और इसके अधिक देशों में फैलने की संभावना है। स्वास्थ्य मंत्रालय (Ministry of Health) ने शुक्रवार को कहा, भारत में टीकाकरण की तेज गति और उच्च सेरोपॉजिटिविटी के सबूत के रूप में डेल्टा संस्करण (Delta Variants) के उच्च जोखिम को देखते हुए बीमारी की गंभीरता कम होने का अनुमान है। हालांकि, वैज्ञानिक साक्ष्य अभी भी विकसित हो रहे हैं। 

इसमें आगे कहा गया है कि मामलों में वृद्धि का पैमाना और परिमाण और सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि इससे होने वाली बीमारी की गंभीरता अभी भी स्पष्ट नहीं है। इस वेरिएंट के खिलाफ मौजूदा वैक्सीन प्रभावकारिता के सवाल पर स्वास्थ्य मंत्रालय ने कहा है कि इस बात का कोई सबूत नहीं है कि मौजूदा टीके ओमिक्रॉन (Omicron Variants) पर काम नहीं करते हैं। स्पाइक जीन पर रिपोर्ट किए गए कुछ म्यूटेशन मौजूदा टीकों की प्रभावकारिता को कम कर सकते हैं।

मंत्रालय के अनुसार, इसलिए टीकों से अभी भी गंभीर बीमारी से सुरक्षा प्रदान करने की उम्मीद है, और उपलब्ध टीकों के साथ टीकाकरण महत्वपूर्ण है। यदि पात्र हैं, लेकिन टीकाकरण (corona vaccine) नहीं करवाया है, तो टीका लगवाना चाहिए। मंत्रालय ने कहा है कि बरती जाने वाली सावधानियां और कदम पहले की तरह ही रहेंगे। मंत्रालय ने एक बयान में कहा, खुद को ठीक से मास्क करना आवश्यक है, टीकों की दोनों खुराक लें (यदि अभी तक टीका नहीं लगाया गया है), सामाजिक दूरी बनाए रखें और अधिकतम संभव वेंटिलेशन बनाए रखें।  सरकार स्थिति की बारीकी से निगरानी कर रही है और उपयुक्त दिशा-निर्देश जारी कर रही है।