मेघालय के मुख्यमंत्री कोनराड संगमा ने नई दिल्ली में एक सम्मेलन को संबोधित करते हुए कहा कि राज्य में मेघालय डेमोक्रेटिक एलायंस (एमडीए) यहां के मतदाताओं के कांग्रेस विरोधी जनादेश का फल है। उन्होंने कहा कि यदि आप नतीजों पर गौर करते हैं तो 59 सीटों में से अधिकांश सीटें गैर कांग्रेस दलों के लिए चली गई हैं। बहुमत कांग्रेस के खिलाफ था।

भाजपा सहित छह सहयोगी दलों के गठबंधन का जिक्र करते हुए संगमा ने कहा कि यह एक प्राकृतिक गठबंधन है। मेघालय के लोग बदलाव की तलाश में थे। उन्होंने कहा कि हमें जनादेश को ध्यान में रख कर कार्य करना होगा, क्योंकि जब एक गठबंधन बनता है तो विभिन्न स्तरों पर चर्चा होती है, लेकिन हमें लोगों के जनादेश और हमारी विचारधाराओं को ध्यान में रखना होगा। उन्होंने भाजपा के समर्थन को सही ठहराते हुए कहा कि भाजपा विकास के मुद्दों को लेकर चलने वाली पार्टी है। भाजपा के विकास नीतियों की मैं सराहना करता हूं।

संगमा ने स्वीकार किया कि एक पहाड़ी राज्य का विकास कई स्तरों पर करना होगा। विकास कार्य को लेकर हमारी सरकार के समक्ष कई चुनौतियां हैं लेकिन हम सही दिशा में काम करेंगे। इसके बावजूद मुद्दों को हल करने की दिशा में दिवंगत पीए संगमा के सबसे छोटे बेटे कोनराड संगमा ने स्वीकार किया कि उन्होंने अपने राजनीतिक वंश से बहुत सी बातें सीखीं। उन्होंने कहा कि भारत एक विविध राष्ट्र है, मैंने दिल्ली में अध्ययन किया और वहां समस्याओं का सामना किया, लेकिन में बात सकता हूं कि सोशल मीडिया के आने के साथ नई पीढ़ी पूर्वोत्तर से जुडऩा चाहती है।