मिशन 2023 को लेकर छत्तीसगढ़ में कांग्रेस अपने नेताओं, पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं को ट्रेनिंग दे रही है।  कांग्रेस की इस ट्रेनिंग क्लास में कांग्रेस के इतिहास का चैप्टर तो था ही।  साथ ही बीजेपी और आरएसएस के इतिहास का सब्जेक्ट भी कार्यकर्ताओं को पढ़ाया गया। 

बताया जा रहा है कि कांग्रेस का ये शिविर वैसे तो तीन दिन का था, लेकिन पहले दिन के ट्रेनिंग प्रोग्राम को पूरी तरह गोपनीय रखा गया।  हालांकि वहां से भी कुछ जानकारियां छनकर बाहर निकल ही गई।  इसमें कांग्रेस के इतिहास के साथ आजादी के बाद कांग्रेस का देश के विकास में जो योगदान रहा उसे बताया गया। 

इसके अलावा आरएसएस और बीजेपी के भी इतिहास की जानकारी पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं को दी गई।  ट्रेनिंग प्रोग्राम में आरएसएस और बीजेपी के सब्जेक्ट को लेकर बीजेपी प्रवक्ता संजय श्रीवास्तव ने तंज कसते हुए कहा कि कांग्रेस का ऐसा कोई इतिहास नहीं रहा कि इसे आने वाली पीढ़ी को बताया जाए और इतिहास जो सुनहरे पन्नों पर है वो बीजेपी का है।  इसलिये कांग्रेस आरएसएस और बीजेपी का इतिहास भी कार्यकर्ताओं को बता रही है। 

इस बारे में पीसीसी अध्यक्ष मोहन मरकाम का कहना है कि जिन्होंने देश की आजादी और नवनिर्माण में एक उंगली तक नहीं कटाई हो वे अब राष्ट्रवाद सीखा रहे हैं।  मरकाम ने कहा कि 70 सालों में देश के विकास में कांग्रेस ने जो योगदान दिया उसे बीजेपी सिरे से नकार देती है और झूठ की राजनीति का मुकाबला करने के लिए कार्यकर्ताओं को कांग्रेस का इतिहास तो बताया ही जा रहा है।  साथ ही बीजेपी और आरएसएस के इतिहास की भी जानकारी दी जा रही है।  वहीं संचार प्रमुख शैलेष नितिन त्रिवेदी का कहना है कि बीजेपी अभी राष्ट्रवादी बन रही है। लेकिन उनका राष्ट्रवाद फर्जी है और ये जानकारी कार्यकर्ताओं को होनी चाहिए।