नीट यूजी 2021, जेईई मेन और 12वीं की परीक्षाओं को लेकर रविवार को हुई उच्चस्तरीय वर्चुअल बैठक में झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन भी शामिल हुए। सीएम ने बैठक में अपने सुझाव दिए। इसके अलावा उन्होंने परीक्षाओं के आयोजन को लेकर झारखंड के छात्रों, उनके अभिभावकों और शिक्षकों से सलाह मांगी है। बड़ी संख्या में लोगों ने ट्विटर पर अपने सुझाव भी दिए हैं। जिसमें अधिकाशं लोगों का सुझाव परीक्षा स्थगित करने की है। लोगों का कहना है कि महामारी के बीच परीक्षा का आयोजन बच्चों के लिए सुरक्षित नहीं है। कई बच्चे ऐसे हैं जो संक्रमित होने के बाद स्वास्थ्य लाभ ले रहे हैं।

इससे पहले उच्चस्तरीय बैठक में मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने कहा कि युवा पीढ़ी की चिंता करना जरूरी है। केंद्र सरकार द्वारा आगामी परीक्षाओं के आयोजन को लेकर चिंतन किया जा रहा है यह सराहनीय पहल है। बैठक में जो सुझाव मिले हैं इसमें कई सुझाव काफी महत्वपूर्ण हैं। उन्होंने कहा कि वर्तमान हालात में अगर परीक्षा आयोजित होती है तो संक्रमण के फैलाव की आशंका से इनकार नहीं किया जा सकता। छात्र-छात्राएं बहुत मेन्टल स्ट्रेस से गुजर रहें हैं। ऑनलाइन एग्जाम लेने की भी बात की गई है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि कई बच्चों ने कोरोना संक्रमण के दूसरी लहर में अपने परिजनों को खोया है। ऐसे बच्चे एवं परिवार इस समय मानसिक तनाव से गुजर रहे हैं। वर्तमान स्थिति में परीक्षा आयोजित करना उचित नहीं होगा। हमसभी को छात्र-छात्राओं के मन की स्थिति को समझने की जरूरत है। मुख्यमंत्री ने कहा कि निरंतर मिल रहे सुझावों का निष्कर्ष निकाला जाये तो फिलहाल परीक्षा नहीं आयोजित करने की बात पर सहमति नजर आ रही है।