भारत-चीन सीमा विवाद के बीच अमरीकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप आज सुबह बड़ा बयान आया है। ट्रंप ने आज ट्वीट किया कि जिस तरह की मुश्किल और अस्पष्ट हालात पैदा हो रहे हैं उन हालातों में अमरीका के पास चीन से पूर्ण संबंध विच्छेद का ही विकल्प रह जाता है। ट्रंप का ये ट्वीट ऐसे समय आया है जब अमरीका के विदेश मंत्री माइक पोम्पिओ का चीन के विदेश मंत्री यांग जिएची से मुलाकात हुई है और इसके बाद अमरीका के विदेश मंत्री का बयान आया था कि दोनों देश सहयोग की दिशा में आगे बढ़ेंगे।

बता दें कि एक दिन पहले अमेरिका के व्यापारिक प्रतिनिधि रॉबर्ट लाइटहाइजर ने कहा था कि दोनों देशों की अर्थव्यवस्थाओं को एक साथ कम करना संभव नहीं है। ट्रम्प ने ट्वीट किया,  प्रतिनिधि रॉबर्ट लाइटहाइजर की कोई गलती नहीं है। शायद मैंने ही अपने बयान को स्पष्ट नहीं किया, लेकिन अमेरिका के पास विभिन्न परिस्थितियों के तहत निश्चित रूप से चीन के साथ पूरी तरह से संबंधों को खत्म करने का रणनीतिक विकल्प मौजूद है।

लाइटहाइजर ने अमेरिकी कांग्रेस में कहा था कि दोनों देशों की अर्थव्यवस्थाओं को एक साथ कम नहीं किया जा सकता। इससे पहले अमेरिका के विदेश मंत्री माइक पोम्पियो ने कहा था कि चीन के शीर्ष राजनयिक ने अमेरिका और चीन के बीच व्यापार समझौते के पहले चरण के तहत बीजिंग के दायित्वों को पूरा करने की प्रतिबद्धता जताई है। अमेरिकी राष्ट्रपति ने बुधवार को चीन पर वीगर मुसलमानों को प्रताड़ित करने का आरोप लगाते हुए उस पर प्रतिबंध लगाने वाले एक कानून पर हस्ताक्षर किए थे। चीन ने इसके बाद अमेरिका को जवाबी कार्रवाई की धमकी भी दी थी।