हिमाचल प्रदेश में चुनावी मौसम आ चुका है और मई माह में शिमला नगर निगम के चुनाव हैं। इसके बाद इस साल के आखिरी में प्रदेश विधानसभा चुनाव होने हैं। प्रदेश की राजनीति में आम आदमी पार्टी की एंट्री से भाजपा सक्रिय हो गई है। आप ने प्रदेश के सबसे ज्यादा विधानसभा सीट वाली कांगड़ा जिले पर अपनी सक्रियता बढ़ा दी है। ऐसे में भाजपा आप की राह पर निकल पड़ी है। 15 अप्रैल को हिमाचल दिवस पर सीएम जयराम ठाकुर ने चंबा में कुछ बड़े ऐलान किए। 125 यूनिट तक फ्री बिजली और ग्रामीण इलाकों में पानी का बिल माफ करने का ऐलान किया है। साथ ही प्रदेश की महिलाओं को हिमाचल परिवहन निगम की बसों में किराए पर 50 प्रतिशत की छूट देने का ऐलान किया है।

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अब चंबा में सीएम जयराम ठाकुर के बड़े ऐलान के साथ चुनावी बिगुल फूंक लिया है। हिमाचल दिवस के मौके पर एक राज्यस्तरीय कार्यक्रम को संबोधित करते हुए ठाकुर ने कहा कि प्रदेश की जनता के लिए पहले 60 यूनिट बिजली फ्री थी, जिसे अब 135 यूनिट कर दिया गया है। इससे प्रदेश सरकार पर 250 करोड़ का अतिरिक्त भार पड़ेगा। इसके अलावा ग्रामीण इलाकों में रहने वाले किसानों के पानी के बकाया बिल माफ होंगे। ग्रामीण क्षेत्र में पानी के बिलों से जलशक्ति विभाग को 30 करोड़ की आय होती है।

आप नेता मनीष सिसोदिया ने कहा कि सीएम ने बिजली, गांवों में मुफ्त पानी और महिलाओं के लिए आधा बस किराया देने की घोषणा की है। भाजपा जनता को कोई सुविधा देने में विश्वास नहीं करती है। आप के डर से ही उन्होंने अरविंद केजरीवाल के शासन के मॉडल की नकल करना शुरू कर दिया है। 

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हिमाचल में आम आदमी पार्टी ने चुनाव की तैयारी शुरू कर दी है। पंजाब की तरह हिमाचल में भी आप सत्ता पाने के लिए पूरा जोर लगा रही है। खबर है कि कांगड़ा में अरविंद केजरीवाल रैली करने वाले हैं। इसके अलावा कांग्रेस के दिग्गज नेता विजय सिंह मनकोटिया भी आप के संपर्क में है। कांगड़ा हिमाचल का बड़ा जिला है और यहां 15 विधानसभा सीट आती हैं, जो सरकार बनाने पर काफी हद तक निर्भर करती हैं। कांगड़ा को लेकर भाजपा हाई कमान भी काफी सक्रिय है। भाजपा अध्यक्ष जय प्रकाश तोमर ने प्रदेश दौरे के दौरान पार्टी कार्यकर्ताओं से कांगड़ा जिले पर फोकस करने की बात कही थी।