केंद्र सरकार ने राज्य और केंद्र शासित प्रदेशों को चिट्ठी लिखकर बताया है कि कोविशील्ड का दूसरा डोज कब देना सबसे ज्यादा कारगर है।  इस चिट्ठी में कोरोना वैक्सीन का दूसरा डोज डेढ़ से दो महीने के बाद ज्यादा कारगर होता है। 

जो पहले डोज के 4 - 8 सप्ताह के बाद दिया जायेगा।  पहले डोज के बाद दूसरे डोज की समयसीमा बढ़ा दी गई है।  पहले यह 4- 6 सप्ताह के बीच था जिसे अब 4-8 सप्ताह के बीच कर दिया गया है। 

वैक्सीन को लेकर टीकाकरण पर राष्ट्रीय तकनीकी सलाहकार समूह (NTAGI) और COVID-19 के लिए वैक्सीन प्रशासन पर राष्ट्रीय विशेषज्ञ समूह (NEGVAC)ने अपनी 20 वीं बैठक में यह जानकारी दी है, अगर दूसरे डोज में डेढ़ महीने से दो महीने का अंतर होगा, तो यह ज्यादा कारगर होगा। 

ध्यान रहे कि समूह ने इतना अंतर रखने की सलाह सिर्फ कोविशील्ड के लिए दी है. कोवैक्सीन के लिए नहीं. पहले दूसरा डोज 4-6 सप्ताह के बीच लगाया जाता था अब इसे बढ़ाकर 4- 8 कर दिया गया है। 

केंद्रीय स्वास्थ्य सचिव श्री राजेश भूषण ने राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के मुख्य सचिव को लिखी चिट्ठी में बताया है कि राज्य सरकार ने NTAGI और NEGVAC की सलाह को स्वीकार कर लिया है और राज्य और केंद्रशासित प्रदेशों को भी इसे पालन करने की सलाह देता है कि कोविशील्ड के दूसरे डोज 4-8 सप्ताह का समय रखे। 

अगर इनकी सलाह को ध्यान में रखें तो इस तरह दूसरी वैक्सीन देने से इसका असर ज्यादा प्रभावी होता है लेकिन इसमें भी 8 सप्ताह के बाद लेने से इसका लाभ नहीं होगा।  केंद्रीय स्वास्थ्य सचिव ने राज्य और केंद्र शासित प्रदेशों को कहा है कि इन नये बदलावों पर ध्यान दें।