तमिलनाडु में कन्नूर के समीप बुधवार को हुई हेलिकॉप्टर दुर्घटना में प्रमुख रक्षा अध्यक्ष (सीडीएस) जनरल बिपिन रावत, उनकी पत्नी मधुलिका रावत और 11 अन्य लोगों की मृत्यु हो गई. 31 दिसंबर 2019 को थल सेनाध्यक्ष के तौर पर रिटायर होने के अगले दिन ही जनरल रावत देश के पहले रक्षा प्रमुख बन गये. रावत 31 दिसंबर 2016 से 31 दिसंबर 2019 तक थल सेनाध्यक्ष के पद पर रहे. जनरल रावत की कई पीढ़ियों ने देश की सेवा की.

सीडीएस बिपिन रावत बुधवार को हेलिकॉप्टर हादसे में नहीं रहे. उनके साथ ही उनकी पत्नी मधुलिका रावत का भी निधन हो गया.

जनरल रावत का परिवार पीढ़ियों से भारतीय सेना में सेवा देता आया है. शहीद सीडीएस बिपिन रावत के पिता लक्ष्मण सिंह रावत भी भारतीय सेना में सेवाएं दे चुके हैं. वो लेफ्टिनेंट जनरल के पद तक पहुंचे थे.

शहीद सीडीएस बिपिन रावत की दो बेटियां कृतिका और तारिणी हैं. उनकी बड़ी बेटी कृतिका की शादी कुछ समय पहले ही मुंबई में हुई थी. वहीं छोटी बेटी तारिणी फिलहाल पढ़ाई कर रही हैं.

सीडीएस बिपिन रावत की पत्नी मधुलिका रावत ने दिल्ली यूनिवर्सिटी से साइकोलॉजी की पढ़ाई की थी. वर्ष 2016 में जब जनरल रावत आर्मी चीफ बने तो मधुलिका को आर्मी वुमन वेलफेयर एसोसिएशन (AWWA) की अध्यक्षता संभालने का मौका मिला.

सीडीएस बिपिन रावत का ताल्लुक सेना के साथ-साथ राजनीतिक परिवार से भी था. उनके नाना किशन सिंह परमार उत्तरकाशी से विधायक थे.