देश में आम चुनाव के पहले चरण का प्रचार अभियान आगामी 9 अप्रैल को समाप्त हो जाएगा। मेघालय में प्रथम चरण में यहां की दो सीटों शिलांग और तुरा के लिए आगामी 11 अप्रैल को मतदान होना है। इसके लिए सत्तारूढ़ नेशनल पीपुल्स पार्टी, कांग्रेस और भाजपा सहित अन्य पार्टियों तथा निर्दलीय उम्मीदवारों ने अपना प्रचार अभियान तेज कर दिया है।


इस कड़ी में एक दिन में अधिकारिक क्षेत्र को कवर करने और मतदाताओं से मिलने के लिए उम्मीदवार दौड़ लगाते दिख रहे हैं। मालूम हो कि शिलांग सीट पर छह उम्मीदवार खड़े हैं। यहां मुख्य मुकाबला कांग्रेस, यूडीपी और भाजपा के बीच है। एनपीपी के सभी विधायक और मंत्री सहित शीर्ष नेता एक के बाद एक चुनावी रैलियां कर रहे हैं। मुख्यमंत्री हेलिकाॅप्टर से प्रचार करने में उतर गए हैं। यूडीपी प्रमुख डोनकपुर राय भी रोजाना चुनावी जनसभाओं में हिस्सा ले रहे हैं।



उल्लेखनीय है कि एनडीए ने शिलांग और तुरा सीट पर साझा उम्मीदवार खड़ा किया है। शिलांग सीट पर यूडीपी कोटे से जेमिनो मावथोेह और तुरा सीट से एनपीपी कोटे से अगाथा के संगमा मैदान में हैं। एमडीए के अन्य सहयोगियों एचएसपीडीपी, पीडीएफ ने भी समर्थन किया है। कांग्रेस से पूर्व मुख्यमंत्री व तुरा से पार्टी उम्मीदवार डाॅ. मुकुल संगमा, शिलांग सीट से उम्मीदवार विसेंट एच पाला, एमपीसीसी के अध्यक्ष डाॅ. सेलेस्टिन लिंग्दोह समेत पूर्व मंत्री एवं विधायक अलग-अलग जगहों पर मतदाताओं पर डोरे डालने का काम कर रहे हैं।


भाजपा एमडीए की सहयोगी होने के बावजूद राज्य में अकेले चुनाव लड़ रही है। सोनबर सुलाई को शिलांग और रिकमान जी मोमिन को तुरा सीट से उम्मीदवार बनाया गया है। भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष शिबुन लिंग्दोह, मेघालय के स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री एएल हेक, उपाध्यक्ष डेविड खरसाती, महासचिव बसाईलांग खोंगवीर और केसी बोड़ो आदि नेता धुंआधार प्रचार अभियान में लगे हैं। निर्दलीय टीएसस बोनी, सैमुअल हशाह, रोमियों फीरा रानी भी मतदाताओं को रिझाने में जुटे हैं।