बिहार में लोकसभा की एक और विधानसभा की पांच सीटों के उप चुनाव के लिए 21 अक्टूबर को होने वाले मतदान के प्रचार का शोर थम गया और अब प्रत्याशी जनसंपर्क के जरिये वोट जुटाने में लग गये हैं। उप मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी बैजूनाथ कुमार सिंह ने यहां बताया कि उप चुनाव में सोमवार को समस्तीपुर (सुरक्षित) संसदीय क्षेत्र के साथ ही किशनगंज जिले के किशनगंज, सहरसा जिले के समिरी बख्तियारपुर, सिवान जिले के दरौंदा, भागलपुर जिले के नाथनगर और बांका जिले के बेलहर विधानसभा सीटों के लिए मतदान होना है। 

समस्तीपुर लोकसभा क्षेत्र के कुशेश्वरस्थान, सिमरी बख्तियारपुर और बेलहर में चुनाव प्रचार समाप्त हो गया। इन क्षेत्रों में 32 लाख 27 हजार 282 मतदाता 21 अक्टूबर को सुबह सात बजे से शाम पांच बजे तक मतदान कर 12 उम्मीदवारों के भाग्य का फैसला करेंगे। हालांकि सुरक्षा कारणों से समस्तीपुर के कुशेश्वरस्थान, सिमरी बख्तियारपुर और बेलहर में वोटिंग सुबह सात बजे से शाम चार बजे तक होगी। मतों की गिनती 24 अक्टूबर को होगी। इस उप चुनाव में मतदान के लिए 3258 वोटर वेरिफाइड पेपर ऑडिट ट्रेल (वीवीपैट) का इस्तेमाल किया जाएगा। 

उप चुनाव में कुल 51 प्रत्याशी मैदान में हैं। इनमें 45 पुरुष और छह महिला उम्मीदवार हैं। समस्तीपुर लोकसभा क्षेत्र में दो महिला प्रत्याशी सहित कुल आठ उम्मीदवार चुनावी मैदान में हैं। वहीं, किशनगंज विधानसभा क्षेत्र में दो महिला प्रत्याशी समेत आठ, सिमरी बख्तियारपुर में छह, दरौंदा में 11, नाथनगर में दो महिला प्रत्याशी समेत 14 तथा बेलहर विधानसभा क्षेत्र में चार प्रत्याशी चुनावी मैदान में हैं। इस उप चुनाव में सत्तारूढ़ जनता दल यूनाईटेड (जदयू) और मुख्य विपक्षी पार्टी राष्ट्रीय जनता दल (राजद) ने सबसे अधिक चार-चार, भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (भाकपा) ने तीन, कांग्रेस ने दो तथा भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) एवं लोक जनशक्ति पार्टी (लोजपा) ने एक-एक उम्मीदवार उतारे हैं। गैर मान्यता प्राप्त दलों के 12 प्रत्याशी चुनाव मैदान में हैं जबकि 24 निर्दलीय प्रत्याशी उप चुनाव में अपनी किस्मत आजमा रहे हैं । 

त्तारूढ़ जदयू ने दरौंदा विधानसभा सीट से सांसद कविता के सिंह के पति अजय सिंह, बेलहर से सांसद गिरधारी यादव के भाई लालधारी यादव, नाथनगर से सांसद अजय मंडल के पिता लक्ष्मीकांत मंडल और सिमरी बख्तियारपुर से अरुण यादव को अपना उम्मीदवार बनाया है। समस्तीपुर (सु) संसदीय सीट पर कांग्रेस के डॉ. अशोक राम और लोजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष रामविलास पासवान के भतीजे एवं इसी सीट से सांसद रहे रामचंद्र पासवान के पुत्र प्रिंस राज आमने-सामने हैं। वहीं, किशनगंज विधानसभा सीट के लिए भाजपा ने स्वीटी सिंह और कांग्रेस ने सईदा बानो को अपना उम्मीदवार बनाया है। इस वर्ष संपन्न हुये लोकसभा चुनाव में समस्तीपुर संसदीय क्षेत्र से लोक जनशक्ति पार्टी (लोजपा) के रामचंद्र पासवान ने कांग्रेस के डॉ. राम को 6872 मतो के अंतर से पराजित कर दिया था। पासवान के निधन से रिक्त हुई इस सीट पर होने वाले उप चुनाव में कांग्रेस ने फिर से डॉ. राम को अपना उम्मीदवार बनाया है। वहीं, वर्ष 2019 के लोकसभा चुनाव में किशनगंज के विधायक डॉ. जावेद आजाद जनता दल यूनाईटेड (जदयू) को मो. अशरफ को पराजित कर संसद पहुंचे। इससे रिक्त हुई इस विधानसभा सीट पर उप चुनाव में कांग्रेस ने डॉ. जावेद की मां श्रीमती बानो को अपना प्रत्याशी घोषित किया है। 

राजद बिहार में विधानसभा की पांच सीटों के उप चुनाव के लिए महागठबंधन के घटक हिन्दुस्तानी आवाम मोर्चा (हम) और विकासशील इंसान पार्टी (वीआईपी) की दावेदारी को नकारते हुए चार सीट पर अपने उम्मीदवारों के नामों की घोषणा कर चुका है । राजद ने नाथनगर से राबिया खातून, बेलहर से रामदेव यादव, सिमरी बख्तियारपुर से जफर आलम और दरौंदा से उमेश ङ्क्षसह को अपना उम्मीदवार बनाया है। राजद के रवैये से नाराज हम के अध्यक्ष जीतनराम मांझी ने नाथनगर विधानसभा सीट से अरुण कुमार राय को अपना प्रत्याशी घोषित कर दिया। वहीं, वीआईपी ने भी सिमरी बख्तियारपुर विधानसभा सीट पर दावा पेश करते हुये दिनेश निषाद को अपना उम्मीदवार बनाया। राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) की सहयोगी लोजपा प्रमुख एवं केंद्रीय मंत्री रामविलास पासवान के छोटे भाई रामचंद्र पासवान के निधन के कारण समस्तीपुर सीट रिक्त हुई है। रामचंद्र पासवान का 21 जुलाई 2019 को दिल्ली के राम मनोहर लोहिया अस्पताल में निधन हो गया था। वहीं, नाथनगर, सिमरी बख्तियारपुर, दरौंदा, बेलहर तथा किशनगंज विधानसभा सीट लोकसभा चुनाव में विधायकों के सांसद बनने के कारण रिक्त हुई है।

नाथनगर विधानसभा क्षेत्र से वर्ष 2015 के चुनाव में जनता दल यूनाइटेड (जदयू) उम्मीदवार अजय मंडल को जीत मिली थी। वर्ष 2019 के लोकसभा चुनाव में मंडल भागलपुर से जदयू के टिकट पर विजयी होकर संसद में पहुंचे। इसी तरह सिमरी बख्तियारपुर से वर्ष 2015 के विधानसभा चुनाव में जदयू के दिनेश चंद्र यादव को जीत मिली थी। वर्ष 2019 के लोकसभा चुनाव में मधेपुरा से यादव सांसद चुने गए और इसके कारण सिमरी बख्तियारपुर सीट रिक्त हो गई। दरौंदा विधानसभा क्षेत्र सीवान लोकसभा क्षेत्र का हिस्सा है। वर्ष 2015 के विधानसभा चुनाव में जदयू उम्मीदवार कविता सिंह को दरौंदा से जीत मिली थी। वर्ष 2019 के लोकसभा चुनाव में जदयू ने कविता सिंह को सीवान से टिकट दिया और उन्हें जीत मिली। बेलहर विधानसभा क्षेत्र बांका लोकसभा क्षेत्र का हिस्सा है। वर्ष 2015 के चुनाव में बेलहर से जदयू उम्मीदवार गिरिधारी यादव को जीत मिली थी। 2019 के चुनाव में जदयू ने गिरिधारी को बांका सीट से चुनाव लड़ाया। गिरिधारी के लोकसभा का चुनाव जीतने के चलते बेलहर विधानसभा का सीट रिक्त हुई है । किशनगंज विधानसभा क्षेत्र से वर्ष 2015 के चुनाव में कांग्रेस उम्मीदवार डॉ. जावेद आजाद को जीत मिली थी। 2019 के लोकसभा चुनाव में कांग्रेस ने उन्हें किशनगंज लोकसभा सीट से उम्मीदवार बनाया। डॉ. जावेद के सासंद बनने के कारण किशनगंज विधानसभा सीट सीट खाली हुई है।