पिछले करीब 9 महीने से कोरोना के खिलाफ जंग लड़ रहे देश की चिंता और बढ़ सकती है। ब्रिटेन से लौटे 20 यात्रियों में ब्रिटेन वाला कोरोना स्ट्रेन मिला है। केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय के निर्देश पर इन सभी यात्रियों को इलाज के लिए अलग-अलग अस्पतालों में भर्ती करा दिया है। पहले 6 लोगों में इस स्ट्रेन की पुष्टि हुई थी। लेकिन इसकी संख्या अब 20 हो गई है। इसकी संख्या बढ़ने से भारत की चिंताएं बढ़ गई हैं। 

मंत्रालय के मुताबिक इस अडवांस जांच में पता चला कि इन 114 संक्रमितों में से 6 लोगों में 'ब्रिटेन' वाला कोरोना स्ट्रेन मिला है। इनमें से 3 की रिपोर्ट दिल्ली के NIMHANS, 2 की बेंगलुरू के CCMB और एक की पुणे के NIV से मिली। 

मंत्रालय ने बयान जारी कर कहा कि 'ब्रिटेन' वाले खतरनाक कोरोना स्ट्रेन को रोकने के लिए सरकार ने कई स्तरों पर काम शुरू कर दिया है। इसके तहत वहां से फ्लाइटों के आने-जाने पर 23 दिसंबर से 31 दिसंबर तक रोक लगा दी गई है। ब्रिटेन से लौटने वाले सभी यात्रियों के लिए  RT-PCR टेस्ट करवाना अनिवार्य कर दिया गया है। यदि वे संक्रमित मिलते हैं तो उनके सैंपल को INSACOG की 10 अडवांस लैब्स में भेजना शुरू किया गया है।

बता दें कि अब तक डेनमार्क, नीदरलैंड, ऑस्ट्रेलिया, इटली, स्वीडन, फ्रांस, स्पेन, स्विटजरलैंड, जर्मनी, कनाडा, जापान, लेबनान और सिंगापुर में  'ब्रिटेन' वाला कोरोना स्ट्रेन के पहुंचने की पुष्टि हो चुकी है। इसके बाद से इनमें से कई देशों ने ब्रिटेन से फ्लाइटों के दोबारा आने-जाने पर प्रतिबंध लगा दिया है। साथ ही देश में पहुंचे यात्रियों की गहनता से जांच शुरू कर दी है। 

उत्तर प्रदेश में भी नए स्ट्रेन के कोरोना की एंट्री

घातक वायरस कोरोना का नया स्ट्रेन लंदन से उत्तर प्रदेश पहुंच गया है। मेरठ में 2 साल की बच्ची में कोरोना के नए स्ट्रेन की पुष्टि हुई है। डिस्ट्रिक्ट सर्विलांस ऑफिसर डॉ प्रशांत कुमार ने इसकी पुष्टि की। डॉ. कुमार ने बताया कि मेरठ के टीपी नगर की संत विहार कॉलोनी का मामला है। दिल्ली भेजे गए सैंपल की रिपोर्ट से इसकी पुष्टि हुई है। उन्होंने बताया कि चार और कोरोना पॉजिटिव मरीजों के सैंपल दिल्ली भेजे गए थे। बच्ची के अलावा अन्य सबकी रिपोर्ट निगेटिव आई है।