उत्तर प्रदेश (Uttar Pradesh) में होने वाले विधानसभा चुनाव (UP Assembly Election) से पहले यूपी बीजेपी को केन्द्रीय आलाकमान ने राज्य में चार करोड़ लोगों को पार्टी का सदस्य बनाने का लक्ष्य दिया है. लिहाजा अब बीजेपी (BJP) ने इस पर अमल करना शुरू कर दिया है और सदस्यता अभियान को तेज किया जा रहा है. ताकि चुनाव से पहले इस लक्ष्य को हासिल किया जा सके. वहीं अब बीजेपी ने उत्तर प्रदेश सदस्यता अभियान समिति (Membership Campaign Committee) का गठन किया है. ये समिति अन्य दलों से आने वाले नेताओं की पार्टी में एंट्री पर मुहर लगाएगी. साथ ही नए सदस्यों को जोड़ने के लिए किए जा रहे कार्यों की समीक्षा करेगी.

असल में पिछले दिनों केन्द्रीय गृहमंत्री अमित शाह राज्य नेतृत्व को राज्य में चार करोड़ लोगों को पार्टी का सदस्य बनाने का लक्ष्य दे गए हैं. लिहाजा अब पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष स्वतंत्र देव सिंह ने पूर्व प्रदेश अध्यक्ष डॉ लक्ष्मीकांत वाजपेयी को इस समिति का अध्यक्ष नियुक्त किया है. जो पार्टी में आने वाले नेताओं की एंट्री को मंजूरी देंगे. वहीं इस समिति में प्रदेश सरकार के उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य, डॉ दिनेश शर्मा और प्रदेश उपाध्यक्ष दयाशंकर सिंह को सदस्य नियुक्त किया. लक्ष्मीकांत वाजपेयी पूर्व प्रदेश अध्यक्ष हैं और पार्टी के मजबूत ब्राह्मण नेता माने जाते हैं. वह पश्चिम उत्तर प्रदेश का केन्द्र माने जाने वाले मेरठ शहर से आते हैं.

दरअसल केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने मिशन यूपी के लिए सदस्यता अभियान की शुरुआत की थी और उन्होंने राज्य के विभिन्न जिलों के लिए प्रचार वाहन को भी रवाना किया था. इसके साथ ही उन्होंने राज्य के नेतृत्व को राज्य में चार करोड़ सदस्य बनाने का लक्ष्य दिया था. जिमसें 1.5 करोड़ नए सदस्य जोड़ जाने हैं. जबकि बीजेपी के पास यूपी में पहले से ही ढाई करोड़ सदस्य हैं.