पूर्व केंद्रीय मंत्री एवं भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के वरिष्ठ नेता बसनगौड़ा पाटिल यतनाल ने अफगानिस्तान में आतंकवादी संगठन तालिबान के शासन पर कांग्रेस नेता राहुल गांधी की चुप्पी के लिए उन्हें ‘विक्षिप्त’ करार देकर विवाद खड़ा कर दिया है। फेसबुक पर ‘आई लव तालिबान’ पोस्ट के लिए जमाखंडी के एक निवासी की गिरफ्तारी को लेकर विजयपुरा में पूछे गये एक सवाल के जवाब में यतनाल ने संवाददाताओं से कहा, वह विक्षिप्त (राहुल गांधी) अफगानिस्तान में तालिबान के बारे में बात क्यों नहीं कर रहा है? सिद्धारामैया और डी के शिवकुमार बात क्यों नहीं कर रहे हैं? तालिबान की निंदा की जानी चाहिए। है न?’’ 

गांधी के खिलाफ असंसदीय टिप्पणी पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए कर्नाटक प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष डी के शिवकुमार ने यतनाल को ‘विक्षिप्त’ कहकर पलटवार किया और आरोप लगाया कि भाजपा नेता बढ़ती महंगाई और बेरोजगारी जैसे ज्वलंत मुद्दों से लोगों का ध्यान हटाने के लिए इस तरह की टिप्पणी कर रहे हैं। उन्होंने कहा, वह विक्षिप्त आदमी (यतनाल) खबरों में रहना चाहता है। इसलिए, वह ऐसी टिप्पणी कर रहा है। भाजपा नेता महंगाई और बेरोजगारी से लोगों का ध्यान हटाने के लिए ऐसा कर रहे हैं। उन्हें करने दें।

यतनाल ने तालिबान द्वारा किये गये रक्तपात पर चुप्पी के लिए बॉलीवुड के खान अभिनेताओं पर भी हमला किया। उन्होंने कहा, ये सभी खान कह रहे थे कि भारत उनके बच्चों के लिए असुरक्षित है। उन्हें वहां (अफगानिस्तान में) जाकर जीवनयापन करना चाहिए। रियल एस्टेट की दरें सस्ती हैं। तीन बेडरूम के फ्लैट सिर्फ 50,000 रुपये में बेचे जा रहे हैं। उन्हें वहां जाने और सोने दीजिये। आमिर खान, शाहरुख खान, सलमान खान, और राहुल गांधी भी, जो न तो ईसाई हैं और न ही हिंदू। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से भारत के खिलाफ बोलने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने का भी आग्रह किया। 

उन्होंने केंद्र सरकार से हिंदुओं, जैनियों और अन्य गैर-मुस्लिम समुदायों को छोड़कर किसी भी अफगान नागरिक को शरण नहीं देने का आग्रह किया। अगर वे हिंदू, बौद्ध और जैन धर्म स्वीकार करते हैं, तो उन्हें आने दिया जाये। भाजपा नेता ने अनुच्छेद 370 को निरस्त करने के लिए मोदी की सराहना की और कहा कि इससे सरकार को तालिबान की मानसिकता रखने वाले लोगों पर अंकुश रखने में मदद मिल रही है। उन्होंने कहा, जम्मू-कश्मीर में मोदी ने अनुच्छेद 370 को खत्म कर दिया। इसकी वजह से वहां हिंदू सुरक्षित रहे हैं। हमें इसे समझना होगा। अगर आप मुझसे पूछें, तो मेरा मानना है कि हमारे देश में तालिबानी मानसिकता वाले लोगों को गोली मार देनी चाहिए जैसे तालिबानी अफगानिस्तान में कर रहे हैं। अगर आप ऐसा नहीं करते हैं, तो भारत और हिंदू नहीं बचेंगे।