विपक्ष के कड़े विरोध के बीच मंगलवार को दो महत्वपूर्ण विधेयक पारित होने पर भाजपा ने राज्यसभा में अपनी पार्टी के सांसदों को सदन में उपस्थित रहने के लिए व्हिप (whip to MPs) जारी किया है। कानून मंत्री किरण रिजिजू ने कहा कि चुनाव कानून (संशोधन) विधेयक (Election Law (Amendment) Bill) 2021, लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम 1950 में संशोधन करने के लिए विधेयक और लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम, 1951 को ध्यान में रखा जाना चाहिए।

राज्यसभा बुलेटिन में यह भी कहा गया है कि सदन विचार करेगा और विनियोग (नंबर 5) विधेयक, 2021 को वापस करेगा। बुलेटिन में कहा गया है कि वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण (Nirmala Sitharaman) का प्रस्ताव है कि लोकसभा द्वारा पारित वित्तीय वर्ष 2021-2022 की सेवाओं के लिए भारत की संचित निधि से कुछ और राशियों के भुगतान और विनियोग को अधिकृत करने वाले विधेयक पर भी विचार किया जाए। विनियोग विधेयक एक धन विधेयक है इसलिए सरकार इसे पारित करना चाहती है। लोकसभा ने सोमवार को विपक्षी दलों के विरोध के बीच चुनाव कानून (संशोधन) विधेयक, 2021Þ पारित किया।

वहीं राज्यसभा में कांग्रेस चीफ व्हिप जयराम रमेश (JaiRam Ramesh) ने एक पत्र में लिखा, सभी सांसदों से अनुरोध है कि वे मंगलवार को सदन स्थगित होने तक राज्यसभा में मौजूद रहें और पार्टी के स्टैंड को समर्थन दें। लोकसभा में चुनाव कानून (संशोधन) विधेयक-2021 (Election Law (Amendment) Bill) का विरोध करते हुए कांग्रेस ने सोमवार को कहा था कि इसे स्टैंडिंग कमिटी को भेजा जाना चाहिए। कांग्रेस सांसद अधीर रंजन चौधरी (Adhir Ranjan Chowdhury) ने यह भी कहा था कि यह विधेयक निजता के अधिकार का उल्लंघन होगा। जबकि सरकार ने कहा कि विधेयक के तहत वोटर लिस्ट को आधार संख्‍या (UIDAI) से जोड़कर फर्जी मतदान पर रोक लगाया जा सकेगा। विधेयक में इसमें 18 साल की उम्र पूरी कर चुके व्‍यक्तियों को मतदाता सूची में अपना नाम दर्ज कराने के लिए साल में चार मौके देने का प्रावधान है। इसके अलावा विधेयक में चुनाव संबंधी कानून को सैन्‍य मतदाताओं के लिए लैंगिक निरपेक्ष बनाने और चुनाव या इससे संबंधित दूसरे उद्देश्यों के लिए किसी भी परिसर को अधिग्रहन करने के प्रावधान हैं।