बिहार पुलिस ने अभिनेता सुशांत सिंह राजपूत की कथित आत्महत्या मामले में उच्चतम न्यायालय में दायर हलफनामे में कहा है कि मुख्य आरोपी रिया चक्रवर्ती और उनके परिवार के सदस्यों का अभिनेता के साथ जुड़ने का एकमात्र मकसद उनकी संपत्ति हथियाना था। 

पुलिस ने शुक्रवार को शीर्ष न्यायालय में दायर हलफनामे में यह भी कहा है कि बाद में रिया और उनके परिवार ने सुशांत की मानसिक बीमारी की झूठी कहानी गढ़ी। हलफनामा बिहार पुलिस के वरिष्ठ अधीक्षक की तरफ से दिया गया। इसमें कहा गया है कि सुशांत को रिया अपने घर ले गई थीं और वहीं अभिनेता को अधिक मात्रा में दवाइयां देनी शुरू की गई। सुशांत के पिता के के सिंह ने रिया पर ये आरोप लगाए हैं। 

अभिनेता के पिता ने यह भी आरोप लगाया है कि रिया झगड़ा कर सुशांत के घर से सारा सामान अपने घर उठा ले गई थी। बिहार पुलिस ने यह भी बताया है कि मुंबई पुलिस से किसी प्रकार की मदद नहीं मिलने के बावजूद उसे इस मामले में कई बातों की जानकारी मिली है जिन पर जांच की जा सकती है। हलफनामे में कहा गया है कि सुशांत की मानसिक बीमारी की झूठी कहानी गढ़ी गई। पुलिस ने हलफनामे में कहा है, सुशांत फिल्म इंडस्ट्री छोड़कर जैविक खेती में जाना चाहते थे और इस कारण रिया ने सुशांत को ब्लैकमेल करना शुरू कर दिया और धमकाया की वह सुशांत की चिकित्सा रिपोर्ट सार्वजनिक कर उसे मानसिक तौर पर बीमार साबित कर देगी और फिर उसे कभी काम नहीं मिलेगा।

हलफनामे मे बताया गया है, आठ जून को रिया अपने साथ पैसे, लैपटॉप, क्रेडिट कार्ड और जेवरात लेकर सुशांत के घर से चली गयी। वह कुछ महत्वपूर्ण कागज भी अपने साथ ले गई। सुशांत ने अपनी बहन से कहा था कि रिया ने उसे फंसाने की धमकी दी है। पुलिस को जांच में यह भी पता चला है कि सुशांत के कोटक बैंक खाते में 17 करोड़ थे। पंद्रह करोड़ ऐसे व्यक्ति के खाते में पैसे ट्रांसफर किए गये जिसका सुशांत से कोई संपर्क नहीं था। सुशांत की कथित आत्महत्या के मामले की जांच केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) कर रही है और उसने अपनी प्राथमिकी में रिया चक्रवर्ती उसके परिवार के अन्य छह सदस्यों समेत सात को नामजद किया है।