बिहार विधानसभा चुनावों के दौरान JDU के साथ हुई एलजेपी की तल्खी जल्द ही दूर की जाएगी क्योंकि अमित शाह और चिराग पासवान की मुलाकात होने वाली है।

बिहार विधानसभा चुनावों के दौरान JDU के साथ हुई एलजेपी की तल्खी जल्द ही दूर की जाएगी क्योंकि अमित शाह और चिराग पासवान की मुलाकात होने वाली है। आपको बता दें कि एनडीए के प्रमुख दो घटक दल लोक जनशक्ति पार्टी (एलजेपी) और जनता दल युनाइटेड (जेडीयू) के बीच तल्खी को खत्म करने के लिए बीजेपी आगे आई है। खबर है कि गृहमंत्री अमित शाह ने एलजेपी प्रमुख चिराग पासवान से बात की है। ये भी कहा जा रहा है कि अमित शाह और चिराग पासवान की मुलाकात भी हो सकती है। यह मुलाकात 14 सितंबर से पहले हो सकती है।
यह भी कहा जा रहा है कि चिराग पासवान और अमित शाह के बीच होने वाली मुलाकात में एनडीए के सीट शेयरिंग पर बात हो सकती है। इस मुलाकात के दौरान अमित शाह एलजेपी और जेडीयू के बीच उपजे विवाद को शांत कराने की कोशिश कर सकते हैं।
बिहार एलजेपी प्रदेश अध्यक्ष प्रिंस राज ने चिराग पासवान और अमित शाह की मुलाकात पर कुछ भी कहने से मना कर दिया है। हालांकि उन्होंने ये भी कहा कि उनका गठबंधन बीजेपी के साथ है। और एलजेपी किसके साथ उतरेगी इसपर आखिरी फैसला चिराग पासवान लेंगे।
एलजेपी संसदीय बोर्ड की बैठक में चिराग पासवान ने अपने कार्यकर्ताओं से कहा था कि वे 143 सीटों पर चुनाव में उतरने की तैयारी करें। चिराग के इस बयान के बाद अनुमान लगाए जा रहे थे कि एलजेपी केवल बीजेपी के खिलाफ प्रत्याीश नहीं उतारेगी। यानी यह पार्टी एनडीए के अन्य घटक दल जेडीयू और हम के खिलाफ अपने प्रत्याशी उतारेगी। हालांकि इन सारे बातों की कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं है।
पूर्व सीएम जीतन राम मांझी के एनडीए में आने से चिराग काफी नाराज हैं। चिराग और मांझी के बीच लंबे समय से तल्खी रही है। गठबंधन में आने पर मांझी ने कहा था कि उनका सीएम नीतीश कुमार और उनकी पार्टी जेडीयू से गठबंधन हुआ है। अगर नीतीश पर कोई आक्रमण करेगा तो वह उसका जवाब देंगे। पिछले कुछ समय से चिराग लगतार सीएम नीतीश पर आक्रामक हैं।