चंडीगढ़. पंजाब हरियाणा हाईकोर्ट में जस्टिस चितकारा की कोर्ट में तेजिंदर बग्गा के गिरफ्तारी वारंट मामले में पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट में सुनवाई शुरू हुई. सुनवाई की शुरूआत में कहा गया कि हेबियस कॉप्र्स की याचिका में कही भी बग्गा का जिक्र नहीं था. सिर्फ पुलिस अधिकारियों का जिक्र है.

यह भी पढ़े : केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया बने पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह के पड़ोसी


वहीं इस मामले में कोर्ट ने दिल्ली पुलिस को पार्टी बनाने की एप्लीकेशन मंजूर की. तेजिंदर पाल बग्गा को हरियाणा हाईकोर्ट ने बड़ी राहत दी है. हाईकोर्ट ने कहा कि बग्गा पर 5 जुलाई तक कोई कार्रवाई नहीं की जाए.

यह भी पढ़े : सुप्रीम कोर्ट बड़ा आदेश: मध्य प्रदेश में बिना ओबीसी आरक्षण के ही होंगे स्थानीय निकाय व पंचायत चुनाव


बग्गा के खिलाफ मामले को खारिज करने की याचिका पर बहस हो रही ही. पुनीत बाली ने इसका विरोध किया. उन्होंने कहा कि कोई भी इंसान कानून से बड़ा नहीं. इन्वेस्टिगेशन पर स्टे न लगाया जाए. वहीं पंजाब सरकार ने कहा कि बग्गा को जांच में शामिल होना चाहिए. बग्गा पर 4 एफआईआर पहले से दर्ज हैं. वो जांच में सहयोग नहीं दे रहे. वहीं कोर्ट ने कहा कि यदि पूछताछ करनी है तो पंजाब पुलिस के सीनियर अधिकारी बग्गा के घर जाकर पूछताछ कर सकते हैं.