गाड़ियों के ट्रांसफर में रुकावट खत्म करने की सुविधा के लिए सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय (Ministry of Road Transport and Highways) ने एक नया रजिस्ट्रेशन मार्क यानी भारत सीरीज (Bharat Series- BH Series) शुरू की है। परिवहन मंत्रालय ने कहा है कि अगर मालिक एक राज्य से दूसरे राज्य में शिफ्ट होता है तो उसे BH मार्क वाले वाहन को नया रजिस्ट्रेशन (BH Series Vehicle Registration) कराने की जरूरत नहीं होगी।

'BH Series' को सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय ने पेश किया है ताकि यदि किसी नौकरी करने वाले व्यक्ति का ट्रांसफर किसी अन्य राज्य में हो जाए तो, वह अपना मौजूदा टू-व्हीलर या फोर-व्हीलर गाड़ी का बिना रजिस्ट्रेशन कराए इस्तेमाल कर सकते हैं। BH सीरीज या भारत सीरीज की नंबर प्लेट काले और सफेद रंग की होगी। बैकग्राउंड सफेद होगा और उस पर काले रंग से नंबर लिखे होंगे। वाहन नंबर की शुरुआत BH से होगी और फिर रजिस्ट्रेशन ईयर का अंतिम दो अंक में दर्ज होगा। BH सीरीज लेने के लिए वाहन मालिकों को 2 साल या उससे ज्यादा रोड टैक्स का भुगतान करना होगा। यह पूरी प्रक्रिया ऑनलाइन है।

रक्षा कर्मियों, केंद्र और राज्य सरकारों के कर्मचारियों, पीएसयू और प्राइवेट सेक्टर की कंपनियों और संस्थानों जिनके ऑफिस 4 या उससे ज्यादा राज्यों में हैं के कर्मचारी अपनी निजी गाड़ियों का रजिस्ट्रेशन BH (भारत) सीरीज में करा सकते हैं। सरकार की तरफ से अधिसूचित ये योजना स्वैच्छिक है। BH सीरीज का रजिस्ट्रेशन मार्क 'YYBh ####XX' होगा. वाईवाई यानी पहले रजिस्ट्रेशन के वर्ष से होगा। बीएच भारत सीरीज का कोड होगा। #### चार अंकों की संख्या और एक्सएक्स दो अक्षर होंगे।

भारत सीरीज के लिए आवेदन करने हेतु सबसे पहले आपको इलिजिबिलिटी टेस्ट को पास करना होगा। उसके बाद आप बीएच सीरीज के लिए आवेदन कर सकते हैं। आवेदन करने के लिए सबसे पहले सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय वाहन पोर्टल पर लॉग-इन करें। इसे डीलर लेवल पर भी नए वाहन को खरीदते समय भी कर सकते हैं। डीलर को वाहन मालिक की ओर से वैन पोर्टल पर उपलब्ध फॉर्म 20 भरना होगा।

गाड़ी की कीमत पर देना होगा रोड टैक्स
- 10 लाख से कम की कीमत पर- 8 परसेंट टैक्स
- 10 से 20 लाख के बीच की कीमत पर-10 परसेंट टैक्स
- 20 लाख से अधिक की कीमत पर-12 परसेंट टैक्स देना होगा।