26 तारीख को बैंकों में हड़ताल होने जा रही है इस वजह से आज ही सभी जरूरी काम निपटा लें। इस हड़ताल की वजह से पूरे देश में बैंकिंग कार्य प्रभावित हो सकता है। सेंट्रल ट्रेड यूनियंस की हड़ताल, जिसमें देश भर के लाखों बैंककर्मी भी शामिल होंगे। ऐसे में आप आज ही अपने सभी जरूरी बैंकिंग कार्यों को निपटा लें, ताकि किसी भी तरह की परेशानी का सामना न करना पड़े।

सेंट्रल ट्रेड यूनियंस ने केंद्र सरकार की श्रम विरोधी नीतियों के विरोध में हड़ताल का आह्वान किया है। सरकार ने हाल ही में तीन नए श्रम कानूनों को पारित किया गया है और 27 पुराने कानूनों को खत्म कर दिया है, जिसके विरोध में ये हड़ताल की जा रही है। भारतीय मजदूर संघ को छोड़कर 10 केंद्रीय ट्रेड यूनियनों ने 26 नवंबर को राष्ट्रव्यापी आम हड़ताल की घोषणा की है।

26 नवंबर को पूरे देश में बैंकिंग कार्य प्रभावित हो सकता है। इसकी वजह है सेंट्रल ट्रेड यूनियंस की हड़ताल, जिसमें देश भर के लाखों बैंककर्मी भी शामिल होंगे। ऐसे में आप आज ही अपने सभी जरूरी बैंकिंग कार्यों को निपटा लें, ताकि किसी भी तरह की परेशानी का सामना न करना पड़े।

सेंट्रल ट्रेड यूनियंस ने केंद्र सरकार की श्रम विरोधी नीतियों के विरोध में हड़ताल का आह्वान किया है। सरकार ने हाल ही में तीन नए श्रम कानूनों को पारित किया गया है और 27 पुराने कानूनों को खत्म कर दिया है, जिसके विरोध में ये हड़ताल की जा रही है। भारतीय मजदूर संघ को छोड़कर 10 केंद्रीय ट्रेड यूनियनों ने 26 नवंबर को राष्ट्रव्यापी आम हड़ताल की घोषणा की है।

AIBEA ने कहा है कि 26 नवंबर को बैंक कर्मचारी भी अपनी मांगों को रखेंगे। श्रम कानून के अलावा इन पर भी हमारा फोकस रहेगा। बैंक कर्मियों की तरफ से बैंक निजीकरण का विरोध, आउटसोर्सिंग व कॉन्ट्रैक्ट सिस्टम का विरोध, पर्याप्त नियुक्तियां, बड़े कॉरपोरेट डिफॉल्टर्स के खिलाफ कड़ा एक्शन, बैंक डिपॉजिट की ब्याज दर में बढ़ोत्तरी और सर्विस चार्ज में कटौती जैसे मांगें रहेंगे। इसके अलावा बैंकों का निजीकरण करने की सरकार की मुहिम का भी विरोध करेगा क्योंकि इन कदमों से देश की इकोनॉमी पर सीधे असर पड़ रहा है।