सार्वजनिक क्षेत्र के पंजाब नेशनल बैंक और पतंजलि आयुर्वेद लिमिटेड ने नेशनल पेमेंट्स कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया के साथ को-ब्रांडेड कॉन्टैक्टलेस क्रेडिट कार्ड के 2 वैरिएंट लॉन्च किए हैं। पतंजलि अनुसंधान संस्थान में एक कार्यक्रम में स्वामी रामदेव और आचार्य बालकृष्ण को क्रेडिट कार्ड भेंट कर इसकी शुरूआत की गई। इसको लेकर स्वामी रामदेव ने कहा कि पतंजलि क्रेडिट कार्ड के रूप में आत्मनिर्भर भारत की नई प्रेरणा के साथ आज एक नया इतिहास व कीर्तिमान रचा जा रहा है। 

उन्होंने कहा कि पतंजलि आत्मनिर्भर भारत की सबसे बड़ी प्रेरणा है। यह वोकल फॉर लोकल के लिए और लोकल से ग्लोबल तक यात्रा का एक अहम टूल साबित होगा। पतंजलि क्रेडिट कार्ड बहुत जल्द एक करोड़ लोगों की पहुँच में होगा। उन्होंने कहा कि उनको फोलो करने वालों की संख्या लगभग 5 करोड़ है। प्रतिदिन योग शिविर के माध्यम से, फेसबुक, ट्वीटर, इंस्टाग्राम, यू-ट्यूब चैनल आदि सोशल साइट्स के माध्यम से तथा इंडिया टी.वी., आस्था, संस्कार व विविध चैनलों के माध्यम से करोड़ों लोग प्रत्यक्ष व परोक्ष रूप से उनसे जुड़े हैं। उनका और आचार्य बालकृष्ण का सोशल अकाउंट बहुत मजबूत है। इसलिए वह कह सकते हैं कि दुनिया में सबसे ज्यादा यदि किसी के वीडियो देखे जाते हैं तो वह बाबा रामदेव व आचार्य बालकृष्ण हैं। 

स्वामी रामदेव ने बताया कि इस योजना के तहत कार्डधारक को 50,000 से 10 लाख रुपए तक की क्रेडिट लिमिट, 10 लाख रुपए तक का दुर्घटना बीमा लाभ, पतंजलि के उत्पादों पर 5 प्रतिशत की विशेष छूट तथा अन्य कम्पनियों उत्पादों पर छूट व रिवार्ड प्वाइंट का भी प्रावधान है। हमारा लक्ष्य आत्मनिर्भर भारत की स्थापना करना है जिसमें यह पूर्ण स्वदेशी क्रेडिट कार्ड अहम कड़ी साबित होगा। इस अवसर पर आचार्य बालकृष्ण ने कहा कि पतंजलि से जुड़े सभी कर्मयोगी भाई-बहनों के साथ-साथ सभी देशवासियों को पहली बार ऐसा क्रेडिट कार्ड मिलने वाला है जो विविध स्वरूपों व आयामों के साथ जुड़ा होगा। 

उन्होंने कहा कि पतंजलि कोई कॉर्पोरेट घराना, कोई मल्टीनेशन्स कम्पनी, कोई व्यापारिक प्रतिष्ठान नहीं अपितु स्वामी रामदेव के सामाजिक व आध्यात्मिक कर्तव्यों के निर्वहन के लिए खड़ा किया गया आत्म साधना से राष्ट्र निर्माण का एक संकल्प है। पीएनबी के साथ पतंजलि प्रारंभ से जुड़ा रहा है। उन्होंने कहा कि पतंजलि के सभी कर्मचारियों को को-ब्रांडेड कॉन्टैक्टलेस क्रेडिट कार्ड की सेवाओं से जोड़ा जाएगा। उन्होंने कहा कि पीएनबी को बैंक के रूप में चुनने के बाद आत्मनिर्भर भारत के प्रधानमंत्री की संकल्पना को साकार रूप प्रदान करते हुए एनपीसीआई के सहयोग के लिए पार्टनर के रूप में विशुद्ध स्वदेशी तकनीक का चयन किया गया। आचार्य ने बताया कि चाइनीज डिवाइस के स्थान पर फ्रांस से बनी डिवाइस को वरीयता दी गयी है जिसमें इंजैनिको ने साथ दिया। उन्होंने बताया कि यह छोटा सा कार्ड विविध व्यक्तित्वों व संस्थानों के साथ जुड़कर स्वरूप में आया है। 

स्वामी रामदेव के सान्निध्य में जो कार्य प्रारंभ किया है वह बहुत व्यापक, विस्तृत, वृहद् है। यह पीएनबी का पहला ब्रांडेड कार्ड है जो इस रूप में सिग्नेचर हुआ है। इस कार्ड के माध्यम से कार्डधारक को अधिकतम 50 दिन के लिए नि:शुल्क क्रेडिट सुविधा मिल सकेगी। इसके उपरांत भुगतान न कर पाने की स्थिति में 12 प्रतिशत ब्याज दर के साथ 18 महीने तक की ईएमआई का लाभ भी कार्डधारक ले सकेंगे। इस कार्ड के साथ दो एड-ऑन कार्ड की भी सुविधा रहेगी। 

इस अवसर पर पीएनबी के एम डी तथा सीईओ आदित्य नाथ दास ने कहा कि यह उनके बैंक, पतंजलि आयुर्वेद और एनपीसीआई का सामूहिक प्रयास है जो स्वदेशी की परिकल्पना को चरितार्थ करता है। हम इस क्रेडिट कार्ड की योजना को एक अभियान की तरह लेकर चलेंगे। हम लोगों तक इस कार्ड की पहुँच बढ़ाने के लिए पूर्ण संकल्पित हैं। कार्ड लिमिट के संदर्भ में उन्होंने बताया कि प्रारंभिक स्टेज में हम आय के मापदण्ड पर लिमिट प्रदान करते हैं, उसके बाद यह लिमिट खर्च व भुगतान की स्थिति के आधार पर बढ़ा दी जाती है।