तीसरे नार्थ ईस्ट इंडिया फैशन वीक का खादी आंदोलन-असम संस्करण आगामी 26 अगस्त को चांदमारी स्थित असम अभियांत्रिकी संस्थान के खेल मैदान में आयोजित किया जाएगा, जबकि इसका फाइनल राउंड इस साल के अंत तक ईटानगर में होगा। 

फैशन वीक की आयोजक एफ्लुवेंट रे ऑफ लाइट की संस्थापक तथा फैशन डिजाइनर याना नागबा ने गुवाहाटी प्रेस क्लब में आयोजित एक संवाददाता सम्मेलन में इस आशय की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि इस समारोह में असम सहित पूर्वोत्तर राज्यों की 50 बुनकर और डिजाइनर महिलाएं भाग लेंगी। नागबा ने कहा कि हमारे इस आयोजन का उद्देश्य पूर्वोत्तर के अंदरूनी गांवों का दौरा कर वहां की प्रतिभाशाली बुनकर और डिजाइनरों को चुन चुनकर इकट्ठा करना और उनको एक मंच पर लाना है। 

उन्होंने कहा कि पूवोत्तर के गांवों में आज भी शानदार डिजाइनर परंपरागत कपड़े बुने जाते हैं, मगर इसको बाजार उपलब्ध नहीं होने के कारण ये बुनकर अपनी प्रतिभा को देश विदेश के सामने नहीं ला पाते। इस मौके पर नगालैंड, अरुणाचल प्रदेश, असम, मिजोरम, मेघालय आदि राज्यों के बुनकरों द्वारा डिजाइन किए गए परंपरागत परिधानों का प्रदर्शन किया गया। संवाददाता सम्मेलन में एफ्लुवेंट रे आफ लाइट के सीओओ जैक तानिया बुध, नगालैंड की बुनकर डिजाइनर ग्लोरिया ओबंग, अरुणाचल प्रदेश की बुनकर डिजाइनर इंदिरा मिली, मिजोरम की बुनकर डिजाइनर लालथा बिकी, कार्बी आंग्लोंग की बुनकर डिजाइनर रोहिला इंग्तिपी और रेशम उत्पादक किसान गोकुल बरुवा ने भी अपने विचार व्यक्त किए।