म्यांमार से मिजोरम पहुंचे करीब 338 शरणार्थियों को सीमाई इलाकों में तैनात असम राइफल्स के जवानों और स्थानीय प्रशासन ने वापस म्यांमार भेज दिया है।

बताया गया है कि म्यांमार के विद्रोही गुट 'अराकान आर्मी' के उत्पीड़न के चलते महिलाओं एव बच्चों समेत करीब सैकड़ो शरणार्थियों ने भारत के सुदूर दक्षिणवर्ती मिजोरम के सियाहा जिला स्थित गांवों में शरण ले रखी थी।

उल्लेखनीय है कि म्यांमार के इन शरणार्थियों ने मिजोरम के लुंगपुक गांव और खलखी गांव में शरण ले रखी थी।

सीमावर्ती इलाकों में तैनात असम राइफल्स और जिला प्रशासन इन शरणार्थियों को सहायता मुहैया कराई, जबकि गांवों के ग्रामीणों ने उनके खाने और रहने का बंदोबस्त किया। 

इस कड़ी में सियाहा जिला के पुलिस अधीक्षक लुंगपुक गांव पहुंचकर सुरक्षा व्यवस्थाओं का जायजा लिया। इसके बाद असम राइफल्स के सेना अधिकारियों को सूचित करने को कहा गया। असम राइफल्स और सियाहा प्रशासन के इस प्रयास से दोनों देशों के संबंधों को और मजबूत करने को बल मिलेगा।