असम सरकार ने COVID-19 महामारी को देखते हुए इस साल कक्षा 10 और कक्षा 12 दोनों की बोर्ड परीक्षाओं को रद्द कर दिया था। अब सरकार ने इन कक्षाओं के छात्रों के लिए मूल्यांकन नीति जारी कर दी है।सरकार की तरफ से दो विशेष समितियों द्वारा मानदंड निर्धारित किए गए हैं। वहीं अब असम सरकार के नए आदेश के मुताबिक  10 और कक्षा 12 की मार्कशीट सरकारी नौकरियों के लिए मान्य नहीं होगी।

नए आदेश के मुताबिक कोरोना की स्थिति में सुधार होते ही शिक्षक या अन्य राज्य सरकार की नौकरियों के इच्छुक छात्रों को स्पेशल एक्जाम के लिए उपस्थित होना होगा।यह विशेष परीक्षा 15 सितंबर (महामारी के आधार पर) तक आयोजित की जानी है। असम हायर सेकेंडरी एजुकेशन काउंसिल (AHSEC) ने कक्षा 12 के छात्रों के लिए मूल्यांकन मानदंड की घोषणा की है। वहीं, माध्यमिक शिक्षा बोर्ड, असम (SEBA) ने कक्षा 10 के लिए मूल्यांकन योजना जारी कर दी थी।

असम के शिक्षा विभाग या असम सरकार के किसी अन्य विभाग में शिक्षक / कर्मचारी” बनने के इच्छुक सभी लोगों को परीक्षा देने की आवश्यकता होगी। बारपेटा जिले की साइंस स्ट्रीम की छात्रा सुल्ताना कहती हैं, “पहले परीक्षा स्थगित कर दी गई, फिर उन्होंने कहा कि उन्हें तीन विषयों के लिए आयोजित की जाएगी। फिर उन्होंने कहा कि इसे रद्द कर दिया गया था, और अब यह!”

वह फिलहाल इंजीनियरिंग प्रवेश परीक्षा की तैयारी कर रही है। “जबकि मैं एक इंजीनियरिंग कॉलेज में शामिल होना चाहती हूँ, क्या होगा यदि मैं अपना विचार बदल दूं और शिक्षक बनना चाहू या सरकारी नौकरी के लिए आवेदन करूं स्कूल परीक्षा और प्रवेश परीक्षा दोनों की तैयारी करना कठिन होगा।मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने कहा , यह क्लॉज विशेष रूप से उन लोगों के लिए है जो शिक्षक पात्रता परीक्षा (टीईटी) में बैठते हैं, जो कक्षा 10 और कक्षा 12 के अंकों को वेटेज देता है। “क्योंकि इस वर्ष मूल्यांकन स्कूल के रिकॉर्ड पर आधारित है, इसलिए बैच में सभी के अच्छा प्रदर्शन करने की संभावना है। इसलिए यह पिछले बैच और आने वाले बैच के छात्रों के लिए उचित नहीं है जो टीईटी के लिए बैठेंगे।