असम के दिमा हसाओ में हुई हिंसक घटना के बाद वहां स्थिति तनावपूर्ण, लेकिन शांतिपूर्ण है। फिलहाल इलाके में कफ्र्यू अभी भी जारी है। बता दें कि पुलिस गोलीबारी के विरोध में कई संगठनों ने 48 घंटे का दिमा हसाओ जिला बंद का आह्वान किया था।


पुलिस  को उस समय गोली चलाना पड़ा था जब प्रदर्शन कर रहे प्रदर्शनकारियों ने माएबंग स्टेशन में रेल की पटरियां उखाडऩा शुरू कर दिए था। पुलिस की गोलीबारी में घायल हुए दो लोगों की मौत हो जाने के कारण इलाके में तनाव की स्थित हो गई। तनावपूर्ण स्थित को देखते हुए माइबोंग में कफ्र्यू लगाना पड़ा।


उधर, प्रदर्शनकारियों ने 48 घंट का बंद बुलाया था। दरअसल में असम के इस जिले में आरएसएस के एक नेता के बयान से बवाल मचा हुआ है। इसी को लेकर दिमा हसाओ जिले में लोग उग्र प्रदर्शन कर रहे हैं. आरएसएस नेता ने कहा था के नगा समझौते के तहत असम की जमीन का कुछ हिस्सा ग्रेटर नगालैंड में जाएगा। उस बयान के बाद ही जिले में आरएसएस के खिलाफ प्रदर्शन किया जा रहा है। स्थिति को संभालने के लिए खुद मुख्यमंत्री सर्वानंद सोनोवाल को यह बयान देना पड़ा कि असम की एक इंच भी जमीन किसी को नहीं दिया जाएगा।