असम में गुरुवार को तीन लोग भीड़ का शिकार होने से बच गए। दिमा हसाओ में माहुर रेलवे स्टेशन के पास स्थानीय लोगों ने उन्हें घेर लिया था। भीड़ में शामिल लोगों ने इन्हें बच्चा चोर समझकर घेर लिया था।

एक मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक तीनों लोग साधु के भेष में थे। सभी मारुति 800 कार में सवार थे। कार का रजिस्ट्रेशन नंबर यूपी 16बी 7582 है। तीनों गुरुवार सुबह माहुर स्टेशन के आसपास कई घंटों से घूम रहे थे। इससे स्थानीय लोगों को उनके बच्चा चोर होने का संदेह हुआ।

यह खबर जिले में आग की तरह फैल गई। लोगों ने माहुर रेलवे स्टेशन के करीब तीनों को घेर लिया। भीड़ उन पर हमला करने वाली ही थी तभी वहां पर तैनात सेना के जवानों की नजर उन पर पड़ी। सेना के जवानों ने उन्हें बचा लिया। तीनों को फिलहाल माहुर आर्मी कैंप में रखा गया है।


उनसे इलाके में घूमने के मकसद और अन्य चीजों के बारे में पूछताछ कर रही है। इस घटना से इलाके में सनसनी फैल गई। आपको बता दें कि असम में बच्चा चोर गिरोह सक्रिय होने की अफवाहों के चलते काफी तनाव फैला हुआ है।

हाल ही में गुवाहाटी के दो युवकों अभिजीत और निलोत्पल को भीड़ ने बच्चा चोर समझकर मार डाला था। करीब 20 से 25 लोगों ने उन्हें पीट पीट कर मार डाला था। आपको बता दें कि त्रिपुरा में भी हाल ही में कई लोग मॉब लिंचिंग का शिकार हो चुके हैं। त्रिपुरा में भी बच्चा चोर गिरोह सक्रिय होने की अफवाहों के चलते तनाव व्याप्त है।